- झारखंड में स्थापित होगा फाउंडेशन का नया केन्द्र, सीमावर्ती क्षेत्र को मिलेगा विशेष महत्व
- लोहियावादी विचारधारा और कौशल विकास पर फोकस
जेबी लाइव, रिपोर्टर
भुवनेश्वर में आयोजित डॉ. राममनोहर लोहिया रिसर्च फाउंडेशन के छठे राष्ट्रीय विचार मंथन में घोषणा की गई कि संगठन का अगला बड़ा आयोजन और डॉ. राममनोहर लोहिया कौशल विकास एवं चैतन्यता केन्द्र बहरागोड़ा (सिंहभूम, झारखंड) में स्थापित किया जाएगा। झारखंड के पूर्व स्वास्थ्य मंत्री डॉ. दिनेश षाडंगी और उनकी पत्नी डॉ. बिनी षाड़ंगी ने फाउंडेशन को इसके लिए चार एकड़ भूमि दान में दी है। फाउंडेशन के अध्यक्ष अभिषेक रंजन सिंह ने बताया कि यह स्थान झारखंड–बिहार–पश्चिम बंगाल की सीमा पर स्थित है, जो इसे विशेष रणनीतिक और सामाजिक महत्व देता है। आगामी वर्ष कर्नाटक के ऐतिहासिक कागोडू सत्याग्रह के 75 वर्ष पूरे होने पर होने वाला अगला चिंतन किसानों की समस्याओं और उनके समाधान पर केंद्रित होगा।
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बहरागोड़ा में स्थापित होगा कौशल विकास केंद्र
कार्यक्रम में देशभर से लोहियावादी विचारधारा से जुड़े लोग शामिल हुए। समापन समारोह में रवि राय जन्मशती को गरिमा से मनाने की मांग रखी गई, जिसे पूर्व सांसद शशिभूषण बेहरा सरकार तक पहुंचाने का आश्वासन दिया। उद्घाटन सत्र में समाजवाद की दिशा में योगदान देने वाले दिग्गजों को सम्मानित किया गया। पूर्व राज्यपाल विश्वभूषण हरिचंदन, राजस्थान के पूर्व मंत्री विज्ञान मोदी, झारखंड के पूर्व मंत्री दिनेश सरंगी और समाजवादी नेता रघु ठाकुर सहित कई प्रख्यात वक्ताओं ने रवि राय के व्यक्तित्व और योगदान को याद किया। इसके अलावा, रवि राय पर आधारित वृत्तचित्र प्रदर्शित हुआ, और बिनी षाड़ंगी द्वारा ओड़िया में अनूदित डॉ. लोहिया की तीन कृतियों तथा ‘जन’ और ‘मैनकाइंड’ के विशेषांक का विमोचन भी किया गया। विभिन्न सत्रों में विद्वानों और विशेषज्ञों ने समकालीन राष्ट्रीय और वैश्विक चुनौतियों तथा समाजवादी समाधान पर अपने विचार साझा किए।
























