जेबी लाइव,रिपोर्टर
घाटशिला, अखिल झारखंड शिक्षक संघ (मुसाबनी इकाई) का 25वीं वर्षगांठ समारोह घाटशिला राजस्टेट में बड़े ही उत्साह और गरिमा के साथ आयोजित किया गया। इस ऐतिहासिक अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में झारखंड सरकार के पूर्व शिक्षा मंत्री स्व. रामदास सोरेन जी के सुपुत्र एवं लोकप्रिय जननायक श्री सोमेश चन्द्र सोरेन उपस्थित हुए। कार्यक्रम की शुरुआत स्व. रामदास सोरेन जी को श्रद्धांजलि अर्पित कर हुई। उन्हें शिक्षकों ने एक सच्चे मार्गदर्शक और विद्यार्थियों के हितैषी जनप्रतिनिधि के रूप में याद किया। समारोह में वक्ताओं ने गुरु और शिक्षा की महत्ता को अलग-अलग दृष्टिकोण से रखा।
काजल डॉन ने कहा, “शिक्षक वह शक्ति हैं जो समाज को दिशा देते हैं।”
दुर्गा चरण मुर्मू ने कहा, “गुरु वह दीप हैं जो अंधकार में प्रकाश फैलाते हैं।”
कान्हु सामंत ने स्मरण कराया कि “बिना चाणक्य के चंद्रगुप्त अधूरे थे।”

मुख्य अतिथि सोमेश चन्द्र सोरेन ने गुरु की महिमा का उल्लेख करते हुए कहा
गुरु ब्रह्मा, गुरु विष्णु, गुरु देवो महेश्वर। बिना गुरु जीवन कभी पूर्ण नहीं हो सकता।उन्होंने अपने पिता स्व. रामदास सोरेन के योगदान को याद करते हुए कहा कि उनके प्रयासों से घाटशिला विधानसभा क्षेत्र में मुसाबनी डिग्री कॉलेज, इंजीनियरिंग कॉलेज, पंडित रघुनाथ जनजाति विश्वविद्यालय (हैंडलजूड़ी) एवं घाटशिला कॉलेज पुनर्वास जैसी संस्थाओं की स्थापना हुई, जिसकी लागत 1000 करोड़ से अधिक रही। गौरव की बात यह रही कि जनजातीय विश्वविद्यालय देश का दूसरा विश्वविद्यालय बना।

उनके कार्यकाल में सबसे अधिक बच्चों को छात्रवृत्ति, गुरुजी स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड और सीएम स्कूल ऑफ एक्सीलेंस जैसी योजनाएँ शुरू हुईं। उनका सपना था कि घाटशिला शिक्षा का हब बने।

यह आयोजन न केवल शिक्षक संघ की 25 वर्षों की उपलब्धियों का उत्सव था, बल्कि शिक्षा की महत्ता का संदेश भी था। इस अवसर पर कान्हु सामंत, काजल डॉन, दुर्गा चरण मुर्मू, अम्पा हेंब्रम, वकील हेंब्रम, प्रफुल्ल चंद हांसदा, हीरा सिंह, आनंद गोयल, विक्रम टुडू, सुशील मार्डी सहित सैकड़ों कार्यकर्ता मौजूद रहे। वहीं शिक्षक संघ मुसाबनी इकाई के राज कुमार रौशन, बासित मार्डी, सुजीत करण, विवेकानंद दास, प्रदीप महतो, अमिताभ साहा, गंगाधर महतो, तपन चन्द्र, सुरेन्द्र प्रसाद, संजय दास, तनुश्री पॉल, रिंकू दास, एंथोनिमा विश्वास समेत सैकड़ों शिक्षक-शिक्षिकाएँ शामिल हुईं।

























