- 1600 लीटर स्प्रिट, 1020 लीटर अवैध शराब और बड़ी मात्रा में उपकरण बरामद, आरोपी फरार
- सरायकेला पुलिस द्वारा हाल ही में की गई अन्य बड़ी कार्रवाई
जेबी लाइव, रिपोर्टर
सरायकेला-खरसावां जिले की पुलिस ने अवैध अंग्रेजी शराब के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए कुचाई थाना क्षेत्र के लोप्सो गांव स्थित घने जंगल में संचालित एक मिनी शराब फैक्ट्री का भंडाफोड़ किया। यह कार्रवाई शुक्रवार देर शाम पुलिस अधीक्षक को मिली गुप्त सूचना के आधार पर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (एसडीपीओ) समीर कुमार सवैया के नेतृत्व में की गई। एसडीपीओ समीर कुमार सवैया ने बताया कि सूचना मिलने पर तुरंत एक विशेष टीम का गठन किया गया और कुचाई क्षेत्र की ओर रवाना किया गया। जैसे ही पुलिस टीम चिन्हित स्थान पर पहुंची, वहां मौजूद 2 से 3 लोग पुलिस को देखते ही जंगल का फायदा उठाकर फरार हो गए। हालांकि पुलिस टीम ने उनका पीछा करने की कोशिश की, लेकिन घना जंगल और झाड़ियाँ उनके भागने में मददगार साबित हुईं।
इसे भी पढ़ें : Jamshedpur : बढ़ती ठंड पर मानगो नगर निगम सक्रिय, शहर के कई स्थानों पर जलाए गए अलाव
जंगल में कैसे पनपता है अवैध शराब कारोबार
पुलिस टीम ने इलाके में व्यापक सर्च अभियान चलाया, जिसके दौरान भारी मात्रा में अवैध सामग्री बरामद की गई। तलाशी के दौरान प्लास्टिक की बोतलें, जार और इनमें भरा लाल रंग का संदिग्ध तरल पदार्थ मिला। साथ ही 200 लीटर क्षमता वाले 8 नीले ड्रमों से लगभग 1600 लीटर स्प्रिट जब्त किया गया। इसके अतिरिक्त एक सफेद स्कॉर्पियो (JH05AP 3535), 68 पेटी Kings Gold, 12 पेटी Black Tiger— कुल 80 पेटियां (लगभग 720 लीटर)— भी जब्त की गईं। 20 लीटर क्षमता वाले 15 जार में करीब 300 लीटर तैयार शराब मिली। कुल मिलाकर 1020 लीटर अवैध अंग्रेजी शराब पुलिस ने कब्जे में ली। बरामद सामग्री में बोतलों के ढक्कन, खाली प्लास्टिक बोतलों से भरे बोरे, कंपनियों के नकली लेबल, कार्टन बंडल, रंग मिलाने वाले डिब्बे और तिरपाल भी शामिल थे।
इसे भी पढ़ें : Jamshedpur : डालसा ने कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय में आयोजित किया जागरूकता कार्यक्रम
अवैध शराब बनाने में इस्तेमाल होने वाले उपकरण और सामग्री
पुलिस ने बरामदगी के बाद संबंधित धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज कर ली है और फरार आरोपियों की तलाश जारी है। जांच में यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि यह अवैध शराब फैक्ट्री कब से संचालित हो रही थी और इस नेटवर्क में कौन-कौन शामिल हैं। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि बरामद शराब की आपूर्ति किन क्षेत्रों में की जा रही थी और क्या इसके तार किसी बड़े गिरोह से जुड़े हैं। अधिकारियों का कहना है कि मामले की गहन जांच के साथ आगे भी ऐसे अवैध कारोबार के खिलाफ अभियान जारी रहेगा।
























