उड़ीसा के माधवडीह गांव में भूमिज समाज के प्रतिनिधिमंडल ने किया पारंपरिक सम्मान
पारंपरिक स्वागत के साथ समाजसेवियों ने जताया सम्मान
जेबी लाइव, रिपोर्टर
जादूगोड़ा : नरवा पहाड़ क्षेत्र से जुड़े भारतीय आदिवासी भूमिज समाज के राष्ट्रीय महासचिव दिनेश सरदार ने उड़ीसा के गोहालडंगरी स्थित माधवडीह गांव पहुंचकर भूमिज समाज के ओल गुरु महेन्द्रनाथ सरदार से शिष्टाचार मुलाकात की। इस दौरान उनके साथ पूर्व केंद्रीय अध्यक्ष पाईको सिंह भी मौजूद रहे। प्रतिनिधिमंडल ने भूमिज समाज के विकास, भाषा-संरक्षण और सामाजिक एकता जैसे विभिन्न मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की। समाज के लोगों ने ओल गुरु महेन्द्रनाथ सरदार के योगदान को ऐतिहासिक बताते हुए कहा कि उन्होंने भूमिज भाषा को नई पहचान दिलाने का कार्य किया है।
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ओल अनोल लिपि से भूमिज समाज को मिली नई पहचान
बताया गया कि महेन्द्रनाथ सरदार ने गुरमाईसीनी के गोहालडंगरी हाई स्कूल में क्लर्क के रूप में कार्य करते हुए भूमिज भाषा के लिए ‘ओल अनोल’ लिपि का आविष्कार किया था, जो आज विभिन्न राज्यों में रहने वाले भूमिज समाज के लोगों के लिए गर्व का विषय बन चुकी है। इस अवसर पर उनकी धर्मपत्नी ललिता सरदार ने पारंपरिक लोटा-पानी देकर प्रतिनिधिमंडल का स्वागत किया। मुलाकात में झारखंड और उड़ीसा से आए कई समाजसेवी एवं केंद्रीय टीम के सदस्य मौजूद रहे, जिनमें टोटन सरदार, गीता मनी सिंह, गद्दाधर सिंह और महेन्द्रा सिंह प्रमुख रूप से शामिल थे।



























