Share

Gua : किरीबुरू में दुकान का ताला तोड़ कैश बॉक्स चोरी, सीसीटीवी में कैद हुए संदिग्ध

  • तेज बारिश का फायदा उठाकर चोरों ने दिया वारदात को अंजाम

जेबी लाइव, रिपोर्टर

गुवा : किरीबुरू शहर के प्रोस्पेक्टिंग चौक स्थित नोबो पुथाल की दुकान में मंगलवार-बुधवार (21/22 जुलाई) की मध्यरात्रि चोरों ने धावा बोलकर कैश बॉक्स चोरी कर लिया। घटना रात करीब 1:30 बजे की बताई जा रही है। दुकान संचालक नोबो पुथाल के अनुसार चोरों ने लोहे के औजार की मदद से दुकान के साइड दरवाजे में लगे ताले और कुंडी को उखाड़ दिया तथा अंदर प्रवेश कर कैश बॉक्स लेकर फरार हो गए। कैश बॉक्स में कितनी नकदी थी, इसका अभी सही आकलन नहीं हो पाया है। हालांकि दुकान में रखे अन्य खाने-पीने के सामान सुरक्षित मिले हैं। बताया जा रहा है कि घटना के समय क्षेत्र में तेज बारिश हो रही थी, जिसका फायदा उठाकर चोरों ने वारदात को अंजाम दिया।

इसे भी पढ़ें : Jamshedpur : झारखंड में घोटालों से बड़ा ‘जांच घोटाला’, सीबीआई जांच कराए सरकार – रघुवर दास

सीसीटीवी फुटेज के आधार पर संदिग्धों की तलाश में जुटी पुलिस

घटना के बाद आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की जांच की गई, जिसमें दो संदिग्ध युवक हाथ में लोहे का सरिया लिए दुकान की ओर जाते और कुछ देर बाद वहां से भागते हुए दिखाई दे रहे हैं। स्थानीय लोगों का मानना है कि यह फुटेज पुलिस के लिए महत्वपूर्ण सुराग साबित हो सकता है। सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी। पुलिस सीसीटीवी फुटेज के आधार पर संदिग्धों की पहचान करने तथा उनकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की तैयारी कर रही है। क्षेत्र में लगातार हो रही चोरी की घटनाओं को लेकर स्थानीय लोगों ने भी सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग की है।

Leave a Comment

Jamshedpur : एमटीएमसी में पौधरोपण अभियान, विद्यार्थियों ने लगाए 150 पौधे

पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक उत्तरदायित्व का दिया संदेश जेबी लाइव, रिपोर्टर जमशेदपुर : पर्यावरण संरक्षण एवं सामाजिक उत्तरदायित्व को बढ़ावा

  • पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक उत्तरदायित्व का दिया संदेश

जेबी लाइव, रिपोर्टर

जमशेदपुर : पर्यावरण संरक्षण एवं सामाजिक उत्तरदायित्व को बढ़ावा देने के उद्देश्य से मणिपाल टाटा मेडिकल कॉलेज (एमटीएमसी) के एलाइड हेल्थ साइंसेज बैच 2026–27 के विद्यार्थियों ने राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) इकाई के सहयोग से वृक्षारोपण अभियान का आयोजन किया। अभियान के तहत कॉलेज परिसर में 150 पौधों का रोपण किया गया। कार्यक्रम में विद्यार्थियों, संकाय सदस्यों और एनएसएस स्वयंसेवकों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। इस पहल का मुख्य उद्देश्य हरित वातावरण को बढ़ावा देना तथा युवाओं में प्रकृति और पर्यावरण के प्रति जिम्मेदारी की भावना विकसित करना था।

इसे भी पढ़ें : Jamshedpur : एमजीएम अस्पताल की व्यवस्थाओं को सुधारने की मांग, बाली मार्डी ने अधीक्षक से की मुलाकात

ईको क्लब और विभिन्न विभागों का मिला सहयोग

वृक्षारोपण अभियान के सफल आयोजन में ईको क्लब, इंजीनियरिंग एवं मेंटेनेंस विभाग, आउटरीच विभाग तथा प्रशासन विभाग की महत्वपूर्ण भूमिका रही। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को पौधों के संरक्षण और पर्यावरण संतुलन बनाए रखने के महत्व के बारे में भी जागरूक किया गया। आयोजकों ने कहा कि वृक्षारोपण केवल एक औपचारिक कार्यक्रम नहीं, बल्कि पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक दीर्घकालिक संकल्प है। उन्होंने विद्यार्थियों से लगाए गए पौधों की नियमित देखभाल करने और भविष्य में भी ऐसे अभियानों में सक्रिय भागीदारी निभाने का आह्वान किया।

इसे भी पढ़ें : Jamshedpur : GSTAT की शुरुआत से भारत में अप्रत्यक्ष कर विवाद समाधान के नए युग का आगाज – सीआईआई झारखंड

सतत विकास और सामुदायिक कल्याण के प्रति प्रतिबद्ध है एमटीएमसी

मणिपाल टाटा मेडिकल कॉलेज ने इस पहल के माध्यम से सतत विकास, पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक उत्तरदायित्व के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को दोहराया। कॉलेज प्रबंधन का मानना है कि ऐसे कार्यक्रम विद्यार्थियों में संवेदनशीलता, नेतृत्व क्षमता और जिम्मेदार नागरिक बनने की भावना विकसित करते हैं। उल्लेखनीय है कि मणिपाल टाटा मेडिकल कॉलेज, जमशेदपुर, मणिपाल एकेडमी ऑफ हायर एजुकेशन और टाटा स्टील लिमिटेड के संयुक्त उपक्रम के रूप में गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा शिक्षा एवं स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान कर रहा है। अत्याधुनिक सुविधाओं और अनुभवी फैकल्टी के साथ संस्थान भविष्य के स्वास्थ्य सेवा पेशेवरों को तैयार करने की दिशा में कार्यरत है।

Jamshedpur : एमजीएम अस्पताल की व्यवस्थाओं को सुधारने की मांग, बाली मार्डी ने अधीक्षक से की मुलाकात

मलेरिया पीड़ित मरीजों का हाल जाना, इलाज और दवा उपलब्धता पर दिया जोर जेबी लाइव, रिपोर्टर जमशेदपुर : झारखंड मुक्ति

  • मलेरिया पीड़ित मरीजों का हाल जाना, इलाज और दवा उपलब्धता पर दिया जोर

जेबी लाइव, रिपोर्टर

जमशेदपुर : झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) की महिला नेत्री बाली मार्डी ने मानगो स्थित एमजीएम अस्पताल का दौरा कर पोटका विधानसभा क्षेत्र से इलाज के लिए आए गंभीर मलेरिया पीड़ित मरीजों का हालचाल जाना। इस दौरान उन्होंने अस्पताल अधीक्षक डॉ. बलराम झा से मुलाकात कर अस्पताल की स्वास्थ्य सेवाओं और व्यवस्थाओं में सुधार की आवश्यकता पर चर्चा की। बाली मार्डी ने आग्रह किया कि अस्पताल में भर्ती सभी मरीजों को समय पर आवश्यक दवाएं और समुचित चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाए। उन्होंने कहा कि कई मामलों में मरीजों को अस्पताल के बजाय बाहर से दवाएं खरीदने के लिए कहा जाता है, जिससे आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को अतिरिक्त परेशानी का सामना करना पड़ता है। उन्होंने अस्पताल प्रबंधन से इस समस्या के समाधान की दिशा में प्रभावी कदम उठाने की अपील की।

इसे भी पढ़ें : Jamshedpur : GSTAT की शुरुआत से भारत में अप्रत्यक्ष कर विवाद समाधान के नए युग का आगाज – सीआईआई झारखंड

अस्पताल परिसर की सफाई व्यवस्था और अन्य सुविधाओं पर जताई नाराजगी

निरीक्षण के दौरान बाली मार्डी ने अस्पताल परिसर में फैली गंदगी और सफाई व्यवस्था पर नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने कहा कि अस्पताल में स्वच्छ वातावरण मरीजों के स्वास्थ्य के लिए अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने बताया कि इस मुद्दे को लेकर उपायुक्त और संबंधित मंत्री से भी चर्चा की जाएगी। यदि सफाई व्यवस्था में किसी प्रकार की लापरवाही सामने आती है तो संबंधित ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई की मांग की जाएगी। उन्होंने मुख्यमंत्री दाल-भात योजना केंद्र पर सरकारी बैनर नहीं होने तथा अस्पताल परिसर में मौजूद सरकारी एंबुलेंस पर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी के फोटो नहीं लगे होने का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि इन मामलों की जानकारी संबंधित अधिकारियों को दी जाएगी।

इसे भी पढ़ें : Gua : किरीबुरू में दुकान का ताला तोड़ कैश बॉक्स चोरी, सीसीटीवी में कैद हुए संदिग्ध

महिला होमगार्ड के वेतन भुगतान मामले पर भी की चर्चा

बाली मार्डी ने अस्पताल में कार्यरत महिला होमगार्ड फुलकुमारी हेम्ब्रम द्वारा वेतन भुगतान नहीं होने पर आत्महत्या की चेतावनी दिए जाने के मामले को भी गंभीरता से उठाया। उन्होंने अस्पताल अधीक्षक से इस संबंध में बातचीत की और समस्या के समाधान का आग्रह किया। साथ ही फुलकुमारी हेम्ब्रम से अपील की कि वे कोई ऐसा कदम न उठाएं जिससे स्थिति और गंभीर हो। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार जनता के हित में लगातार कार्य कर रही है और स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। इस अवसर पर झामुमो नेता उज्ज्वल दास, संगीता सोरेन, रूपा हो, मकसूद अंसारी, सूरज गोंड, महेश कुजूर, दिलीप पॉल, अनिल मुर्मू, रहीम अंसारी सहित कई कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

Jamshedpur : GSTAT की शुरुआत से भारत में अप्रत्यक्ष कर विवाद समाधान के नए युग का आगाज – सीआईआई झारखंड

जमशेदपुर में GST अपीलीय ट्रिब्यूनल की प्रक्रियाओं और डिजिटल फाइलिंग पर आयोजित हुआ विशेष सत्र जेबी लाइव, रिपोर्टर जमशेदपुर :

  • जमशेदपुर में GST अपीलीय ट्रिब्यूनल की प्रक्रियाओं और डिजिटल फाइलिंग पर आयोजित हुआ विशेष सत्र

जेबी लाइव, रिपोर्टर

जमशेदपुर : भारतीय उद्योग परिसंघ (CII) झारखंड ने 22 जुलाई 2026 को जमशेदपुर में “GSTAT इन प्रैक्टिस: अपील, प्रक्रियाएं और डिजिटल फाइलिंग” विषय पर एक महत्वपूर्ण सत्र का आयोजन किया। इस कार्यक्रम में उद्योग जगत के प्रतिनिधियों, कर विशेषज्ञों, कानूनी सलाहकारों, वित्त पेशेवरों और व्यवसायिक अधिकारियों ने भाग लिया। सत्र का उद्देश्य नवगठित गुड्स एंड सर्विसेज टैक्स अपीलीय ट्रिब्यूनल (GSTAT) की कार्यप्रणाली, अपील प्रक्रिया और डिजिटल फाइलिंग प्रणाली की जानकारी देना था। इस आयोजन में CII Jharkhand के साथ नॉलेज पार्टनर के रूप में Khaitan & Co जुड़ा। कार्यक्रम में विशेषज्ञों ने GST विवादों के समाधान के लिए स्थापित इस नई व्यवस्था को उद्योग जगत के लिए एक महत्वपूर्ण कदम बताया।

इसे भी पढ़ें : Gua : किरीबुरू में दुकान का ताला तोड़ कैश बॉक्स चोरी, सीसीटीवी में कैद हुए संदिग्ध

GSTAT से बढ़ेगी पारदर्शिता, कारोबारियों को मिलेगा समयबद्ध समाधान

सीआईआई झारखंड स्टेट काउंसिल के चेयरमैन और वीए मोटर्स प्राइवेट लिमिटेड के प्रबंध निदेशक दिलीप पारिख ने कहा कि व्यवसायों में विश्वास बनाए रखने और भारत की आर्थिक विकास यात्रा को गति देने के लिए एक मजबूत एवं पूर्वानुमानित विवाद समाधान प्रणाली आवश्यक है। उन्होंने कहा कि GSTAT उद्योगों को कर विवादों के समाधान के लिए एक विशेष, पारदर्शी और समयबद्ध मंच उपलब्ध कराता है। वहीं सीआईआई झारखंड फाइनेंस एंड टैक्सेशन पैनल के कन्वेनर एवं टाटा स्टील के चीफ लीगल काउंसिल (इनडायरेक्ट टैक्सेशन) विकास मित्तल ने कहा कि GSTAT का गठन भारत के जीएसटी ढांचे में एक ऐतिहासिक उपलब्धि है। इससे लंबित कर विवादों का तेजी से निपटारा होगा, मुकदमों की संख्या घटेगी और उद्योगों को अधिक निश्चितता प्राप्त होगी।

इसे भी पढ़ें : Jamshedpur : झारखंड में घोटालों से बड़ा ‘जांच घोटाला’, सीबीआई जांच कराए सरकार – रघुवर दास

रांची बेंच ने शुरू की सुनवाई, डिजिटल-फर्स्ट मॉडल पर जोर

GSTAT रांची बेंच के टेक्निकल मेंबर बिजोय बिहारी महापात्रा ने कहा कि ट्रिब्यूनल के संचालन से करदाताओं को विवादों के समाधान के लिए एक समर्पित मंच मिला है, जिससे ‘ईज ऑफ डूइंग बिजनेस’ को बढ़ावा मिलेगा। उन्होंने बताया कि GSTAT पूरी तरह डिजिटल-फर्स्ट मॉडल पर आधारित है, जहां अधिकांश प्रक्रियाएं ऑनलाइन होंगी। उन्होंने कहा कि सरकार ने लंबित अपीलों की फाइलिंग की समय-सीमा 31 जुलाई तक बढ़ाई है तथा 31 दिसंबर 2026 तक दस्तावेजों की जांच-पड़ताल में भी कुछ रियायतें दी गई हैं। वहीं GST अपीलीय ट्रिब्यूनल रांची बेंच के उपाध्यक्ष तुषार कांति सतपथी ने कहा कि दिल्ली की प्रधान पीठ के बाद रांची देश की पहली बेंच है, जहां सुनवाई शुरू हो चुकी है। उन्होंने उद्योग जगत से इस अवसर का लाभ उठाने और समय पर अपील दायर करने की अपील की।

इसे भी पढ़ें : Jamshedpur : सोना देवी यूनिवर्सिटी 25 जुलाई को आयोजित करेगी ‘एजुकेशन एक्सीलेंस अवार्ड्स 2026’

डिजिटल फाइलिंग, दस्तावेजीकरण और कानूनी रणनीति पर मिला मार्गदर्शन

कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने डिजिटल फाइलिंग प्रणाली, दस्तावेजों की तैयारी और अपीलीय प्रक्रिया की तकनीकी बारीकियों पर विस्तार से चर्चा की। सीआईआई झारखंड फाइनेंस एंड टैक्सेशन पैनल के को-कन्वेनर अरुण गौर ने कहा कि बदलते अपीलीय परिदृश्य में व्यवसायों को तकनीक आधारित अनुपालन प्रणाली अपनानी होगी। खैतान एंड कंपनी के इनडायरेक्ट टैक्स पार्टनर राहुल धनुका ने GSTAT फाइलिंग में आने वाली प्रक्रियात्मक चुनौतियों, पोर्टल के उपयोग और प्रारंभिक अनुभवों से मिली सीखों को साझा किया। वहीं कंपनी के पार्टनर सुदीप्त भट्टाचार्जी ने मजबूत दस्तावेजीकरण, साक्ष्य प्रस्तुत करने की रणनीति और कानूनी तर्कों की तैयारी पर महत्वपूर्ण जानकारी दी। उन्होंने कहा कि सही तैयारी से कर विवादों में सफलता की संभावना बढ़ जाती है।

इसे भी पढ़ें : Seraikela : प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना में झारखंड देश में अव्वल, सरायकेला-खरसावाँ राज्य में दूसरे स्थान पर

कर अनुपालन और कॉर्पोरेट गवर्नेंस को मिलेगा नया आयाम

विशेषज्ञों ने कहा कि GSTAT केवल एक अपीलीय मंच नहीं, बल्कि भारत के अप्रत्यक्ष कर ढांचे को अधिक पारदर्शी, उत्तरदायी और व्यवसाय-अनुकूल बनाने की दिशा में बड़ा कदम है। कार्यक्रम में भाग लेने वाले प्रतिनिधियों को कानूनी समय-सीमा, दस्तावेजी मानकों, डिजिटल पोर्टल के उपयोग और विवाद प्रबंधन की सर्वोत्तम प्रक्रियाओं की विस्तृत जानकारी दी गई। वक्ताओं ने जोर देकर कहा कि मजबूत कर अनुपालन को कॉर्पोरेट गवर्नेंस का हिस्सा बनाना समय की आवश्यकता है। इस सत्र ने क्षेत्रीय उद्योगों और पेशेवरों को बदलते कर वातावरण के अनुरूप तैयार होने तथा कानूनी जोखिमों को प्रभावी ढंग से कम करने के लिए आवश्यक ज्ञान और व्यावहारिक उपकरण उपलब्ध कराए। कार्यक्रम को उद्योग जगत द्वारा अत्यंत उपयोगी और समयानुकूल पहल बताया गया।

Jamshedpur : झारखंड में घोटालों से बड़ा ‘जांच घोटाला’, सीबीआई जांच कराए सरकार – रघुवर दास

पूर्व मुख्यमंत्री ने JSSC और JPSC मामलों की जांच प्रक्रिया पर उठाए सवाल जेबी लाइव, रिपोर्टर जमशेदपुर : झारखंड के

  • पूर्व मुख्यमंत्री ने JSSC और JPSC मामलों की जांच प्रक्रिया पर उठाए सवाल

जेबी लाइव, रिपोर्टर

जमशेदपुर : झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री रघुवर दास ने राज्य में विभिन्न घोटालों की जांच प्रक्रिया पर गंभीर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया है कि झारखंड में अब “घोटालों से बड़ा घोटाला जांच घोटाला” बन गया है। जारी बयान में उन्होंने कहा कि राज्य का युवा यह जानना चाहता है कि क्या हर बार जांच की कहानी इसी तरह आगे बढ़ती रहेगी। रघुवर दास ने कहा कि झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) घोटाले की जांच के लिए गठित विशेष जांच दल (SIT) ने कई आरोपियों को गिरफ्तार किया और महत्वपूर्ण साक्ष्य भी जुटाए, लेकिन तत्कालीन अध्यक्ष का केवल इस्तीफा लेकर उन्हें सुरक्षित निकास दे दिया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) से जुड़े मामलों में भी इसी प्रकार की प्रक्रिया अपनाई जा रही है।

इसे भी पढ़ें : Jamshedpur : सोना देवी यूनिवर्सिटी 25 जुलाई को आयोजित करेगी ‘एजुकेशन एक्सीलेंस अवार्ड्स 2026’

दोषियों को बचाने और साक्ष्य मिटाने का लगाया आरोप

पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य की सबसे बड़ी समस्या केवल घोटालों की नहीं, बल्कि उनकी जांच के तरीके की भी है। उन्होंने आरोप लगाया कि कार्रवाई का उद्देश्य दोषियों को सजा दिलाना नहीं, बल्कि घोटालों में शामिल प्रभावशाली लोगों और कुछ नौकरशाहों को बचाना तथा साक्ष्यों को मिटाना प्रतीत होता है। रघुवर दास ने शराब, जमीन, अवैध खनन और डीएमएफटी से जुड़े मामलों का उल्लेख करते हुए कहा कि यदि जांच एजेंसियों और राज्य की मशीनरी का इस्तेमाल सच्चाई सामने लाने के बजाय साक्ष्यों को नष्ट करने तथा दोषियों को संरक्षण देने के लिए किया जा रहा है, तो यह लोकतांत्रिक संस्थाओं और न्याय व्यवस्था के लिए गंभीर चिंता का विषय है।

इसे भी पढ़ें : Seraikela : प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना में झारखंड देश में अव्वल, सरायकेला-खरसावाँ राज्य में दूसरे स्थान पर

पूरे ‘जांच घोटाले’ की सीबीआई से निष्पक्ष जांच कराने की मांग

रघुवर दास ने आरोप लगाया कि कुछ नौकरशाह मुख्यमंत्री के सबसे महत्वपूर्ण हथियार बन गए हैं, जिनके माध्यम से कथित तौर पर जमीन, बालू और पत्थर की लूट, सरकारी खजाने को नुकसान तथा युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि राज्य में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए केवल कथित घोटालों की ही नहीं, बल्कि घोटालों की जांच के नाम पर चल रहे पूरे “जांच घोटाले” की भी केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) से निष्पक्ष जांच कराई जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि इससे वास्तविक दोषियों की पहचान हो सकेगी और कानून के अनुसार उनके खिलाफ कार्रवाई सुनिश्चित की जा सकेगी।

Jamshedpur : सोना देवी यूनिवर्सिटी 25 जुलाई को आयोजित करेगी ‘एजुकेशन एक्सीलेंस अवार्ड्स 2026’

शिक्षा क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान देने वाली हस्तियों और संस्थानों को किया जाएगा सम्मानित जेबी लाइव, रिपोर्टर जमशेदपुर : सोना

  • शिक्षा क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान देने वाली हस्तियों और संस्थानों को किया जाएगा सम्मानित

जेबी लाइव, रिपोर्टर

जमशेदपुर : सोना देवी यूनिवर्सिटी, स्काईवे करियर हब के सहयोग से 25 जुलाई 2026 को ‘सोना देवी यूनिवर्सिटी एजुकेशन एक्सीलेंस अवार्ड्स 2026’ का आयोजन करने जा रही है। यह भव्य समारोह शाम 6 बजे बिष्टुपुर स्थित द एल्कोर होटल में आयोजित होगा। विश्वविद्यालय की सहायक कुलसचिव अर्चना सिंह ने बताया कि इस पुरस्कार की शुरुआत वर्ष 2026 से की जा रही है और इसे प्रतिवर्ष शिक्षा जगत में उल्लेखनीय योगदान देने वाले व्यक्तियों एवं संस्थानों को सम्मानित करने के उद्देश्य से आयोजित किया जाएगा। कार्यक्रम का उद्देश्य शिक्षण, नेतृत्व, नवाचार और सामाजिक योगदान के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले लोगों को पहचान देना और उन्हें प्रोत्साहित करना है।

इसे भी पढ़ें : Seraikela : प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना में झारखंड देश में अव्वल, सरायकेला-खरसावाँ राज्य में दूसरे स्थान पर

100 से अधिक संस्थानों की प्रोफाइल के आधार पर हुआ चयन

अर्चना सिंह ने बताया कि कोल्हान क्षेत्र के 100 से अधिक शिक्षण संस्थानों से प्राप्त प्रोफाइल के आधार पर विश्वविद्यालय की सर्च कमेटी ने 1 जुलाई से 15 जुलाई 2026 के बीच प्राप्त नामांकनों का मूल्यांकन किया। इसके बाद विभिन्न श्रेणियों के लिए योग्य व्यक्तित्वों और संस्थानों का चयन किया गया। विश्वविद्यालय का मानना है कि शिक्षा के क्षेत्र में समर्पित लोगों के योगदान को सार्वजनिक पहचान मिलनी चाहिए। इसी सोच के तहत यह पहल शुरू की गई है, ताकि शिक्षकों, प्राचार्यों, शिक्षाविदों और संस्थानों को उनके उत्कृष्ट कार्यों के लिए सम्मानित किया जा सके। यह कार्यक्रम शिक्षा जगत में सकारात्मक प्रतिस्पर्धा और गुणवत्ता को बढ़ावा देने का भी माध्यम बनेगा।

इसे भी पढ़ें : Manoharpur : कुर्थाबेड़ा में 3.17 करोड़ की पुलिया निर्माण योजना का शिलान्यास, ग्रामीणों में उत्साह

कई प्रतिष्ठित श्रेणियों में दिए जाएंगे पुरस्कार

समारोह में शिक्षा क्षेत्र से जुड़े विभिन्न वर्गों के लिए कई प्रतिष्ठित पुरस्कार प्रदान किए जाएंगे। इनमें विजनरी प्रिंसिपल अवार्ड, पायनियर इन एजुकेशन अवार्ड, लाइफ टाइम अचीवमेंट अवार्ड, बेस्ट स्कूल मैनेजमेंट अवार्ड, यंग प्रिंसिपल अचीवमेंट अवार्ड, इनोवेशन इन एजुकेशन अवार्ड, आउटस्टैंडिंग एजुकेटर अवार्ड, एक्सीलेंस इन टीचिंग अवार्ड, इंस्पिरेशनल टीचर अवार्ड, डिजिटल लर्निंग एक्सीलेंस अवार्ड, स्टूडेंट मेंटर ऑफ द ईयर अवार्ड तथा कम्युनिटी इम्पैक्ट एजुकेटर अवार्ड जैसी श्रेणियां शामिल हैं। इसके अलावा शिक्षण और गैर-शिक्षण कर्मचारियों के उत्कृष्ट योगदान को भी सम्मानित किया जाएगा। विश्वविद्यालय का उद्देश्य शिक्षा क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वालों को मंच प्रदान करना और नई पीढ़ी को प्रेरित करना है।

इसे भी पढ़ें : Seraikela : पर्यटन स्थलों के विकास और खेल अधोसंरचना के बेहतर उपयोग पर उपायुक्त ने दिए अहम निर्देश

झारखंड के प्रमुख शिक्षाविद और संस्थान होंगे शामिल

आयोजकों के अनुसार कार्यक्रम में झारखंड के विभिन्न जिलों से प्रमुख स्कूलों, कॉलेजों और शैक्षणिक संस्थानों के प्रतिनिधियों की भागीदारी होगी। समारोह में प्रख्यात शिक्षाविद, विश्वविद्यालयों के वरिष्ठ पदाधिकारी, प्रतिष्ठित संस्थानों के निदेशक, शिक्षा प्रशासक और शिक्षा क्षेत्र की अन्य जानी-मानी हस्तियां शामिल होंगी। आयोजकों का दावा है कि यह कार्यक्रम झारखंड के सबसे बड़े और प्रतिष्ठित शैक्षिक सम्मान समारोहों में से एक बनने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। इससे शिक्षा क्षेत्र में उत्कृष्टता और नवाचार को नई पहचान मिलेगी।

इसे भी पढ़ें : Potka : हल्दीपोखर सार्वजनिक दुर्गापूजा समिति की बैठक में भव्य आयोजन का खाका तैयार

शिक्षा में उत्कृष्टता और नवाचार को बढ़ावा देने की पहल

सोना देवी यूनिवर्सिटी और स्काईवे करियर हब का मानना है कि गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के विकास के लिए शिक्षकों और संस्थानों के योगदान को सम्मानित करना आवश्यक है। यह पुरस्कार समारोह शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्टता, नेतृत्व, नवाचार, छात्र विकास और सामुदायिक सेवा को बढ़ावा देने के उद्देश्य से आयोजित किया जा रहा है। सह-आयोजक स्काईवे करियर हब ने भी इस पहल को शिक्षा जगत के लिए महत्वपूर्ण बताया है। कार्यक्रम के माध्यम से शिक्षा से जुड़े नीति-निर्माताओं, शिक्षकों, प्रबंधकों और संस्थानों को एक साझा मंच मिलेगा, जहां वे अपने अनुभव साझा कर सकेंगे। इस अवसर पर विश्वविद्यालय के जनसंपर्क पदाधिकारी डॉ. नीलमणि कुमार भी उपस्थित रहे।

Seraikela : प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना में झारखंड देश में अव्वल, सरायकेला-खरसावाँ राज्य में दूसरे स्थान पर

विशेष पंजीकरण अभियान में जिले ने लक्ष्य के विरुद्ध 171 प्रतिशत उपलब्धि दर्ज की जेबी लाइव, रिपोर्टर सरायकेला-खरसावाँ : महिला,

  • विशेष पंजीकरण अभियान में जिले ने लक्ष्य के विरुद्ध 171 प्रतिशत उपलब्धि दर्ज की

जेबी लाइव, रिपोर्टर

सरायकेला-खरसावाँ : महिला, बाल विकास एवं सामाजिक सुरक्षा विभाग के निर्देशानुसार तथा उपायुक्त नीतिश कुमार सिंह एवं उप विकास आयुक्त के मार्गदर्शन में प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना (पीएमएमवीवाई) के तहत 15 जून से 15 जुलाई 2026 तक विशेष पंजीकरण अभियान संचालित किया गया। इस अभियान का उद्देश्य गर्भवती एवं धात्री महिलाओं को योजना से जोड़ना और उन्हें समय पर लाभ उपलब्ध कराना था। अभियान के सफल संचालन के परिणामस्वरूप झारखंड ने राष्ट्रीय स्तर पर प्रथम स्थान प्राप्त किया, जबकि सरायकेला-खरसावाँ जिला राज्य स्तर पर द्वितीय स्थान हासिल करने में सफल रहा। यह उपलब्धि जिले के लिए गौरव का विषय मानी जा रही है और इसे प्रशासनिक समन्वय तथा जमीनी स्तर पर किए गए प्रभावी कार्यों का परिणाम बताया जा रहा है।

इसे भी पढ़ें : Manoharpur : कुर्थाबेड़ा में 3.17 करोड़ की पुलिया निर्माण योजना का शिलान्यास, ग्रामीणों में उत्साह

1,202 के लक्ष्य के विरुद्ध 2,065 महिलाओं का हुआ पंजीकरण

विशेष अभियान के दौरान सरायकेला-खरसावाँ जिले को 1,202 लाभुकों के पंजीकरण का लक्ष्य दिया गया था। इसके मुकाबले जिले ने 2,065 लाभुकों का पंजीकरण सुनिश्चित कर 171 प्रतिशत उपलब्धि हासिल की। निर्धारित लक्ष्य से कहीं अधिक प्रदर्शन करते हुए जिला राज्य में दूसरे स्थान पर पहुंचा। अभियान के दौरान आंगनबाड़ी केंद्रों, पंचायत स्तर पर जागरूकता कार्यक्रमों तथा क्षेत्रीय कर्मियों के निरंतर प्रयासों से पात्र महिलाओं की पहचान कर उनका पंजीकरण कराया गया। प्रशासन द्वारा नियमित अनुश्रवण और विभागीय समन्वय के कारण अभियान को व्यापक सफलता मिली। इससे मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य से जुड़ी योजनाओं की पहुंच भी अधिक प्रभावी तरीके से सुनिश्चित हुई।

इसे भी पढ़ें : Seraikela : पर्यटन स्थलों के विकास और खेल अधोसंरचना के बेहतर उपयोग पर उपायुक्त ने दिए अहम निर्देश

उपायुक्त ने टीम की सराहना करते हुए नियमित पंजीकरण पर दिया जोर

उपायुक्त नीतिश कुमार सिंह ने इस उपलब्धि पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य तथा पोषण सुदृढ़ीकरण की महत्वपूर्ण योजना है। उन्होंने कहा कि यह सफलता विभागीय समन्वय, सतत अनुश्रवण, क्षेत्रीय स्तर पर प्रभावी कार्य निष्पादन और जनसहभागिता का परिणाम है। उपायुक्त ने निर्देश दिया कि विशेष अभियान के दौरान प्राप्त उपलब्धि को बनाए रखते हुए नियमित पंजीकरण प्रक्रिया को और अधिक मजबूत किया जाए, ताकि प्रत्येक पात्र गर्भवती एवं धात्री महिला तक योजना का लाभ समय पर पहुंच सके। उन्होंने उप विकास आयुक्त, जिला समाज कल्याण पदाधिकारी, सभी सीडीपीओ, महिला पर्यवेक्षिकाओं, आंगनबाड़ी सेविकाओं, सहायिकाओं तथा अभियान से जुड़े सभी कर्मियों और लाभुक महिलाओं के प्रति आभार व्यक्त करते हुए भविष्य में भी इसी प्रतिबद्धता के साथ कार्य करने का आह्वान किया।

Leave a Comment

You cannot copy content of this page

Scroll to Top