Share

New Delhi : LPG बुकिंग नियमों पर भ्रम खत्म, 35 दिन वाली खबर निकली अफवाह

  • सरकार ने किया स्पष्ट- नहीं बदले हैं गैस बुकिंग के मौजूदा नियम

जेबी लाइव, रिपोर्टर

नई दिल्ली : एलपीजी गैस बुकिंग को लेकर हाल ही में फैल रही 35 दिन की समय-सीमा वाली खबर को सरकार ने पूरी तरह गलत और भ्रामक बताया है। खाड़ी देशों में बढ़ते तनाव के बीच यह अफवाह तेजी से फैल रही थी कि गैस बुकिंग के नियम बदल दिए गए हैं, जिसमें डबल सिलेंडर उपभोक्ताओं के लिए 35 दिन, सिंगल सिलेंडर वालों के लिए 25 दिन और उज्ज्वला योजना के लाभार्थियों के लिए 45 दिन का नया नियम लागू किया गया है। इन खबरों के चलते उपभोक्ताओं में भ्रम की स्थिति बन गई थी। हालांकि Press Information Bureau (PIB) ने इन दावों को खारिज करते हुए स्पष्ट किया है कि LPG बुकिंग नियमों में कोई बदलाव नहीं हुआ है और सभी पुरानी व्यवस्थाएं ही लागू हैं।

इसे भी पढ़ें : New Delhi : PNG वाले क्षेत्रों में LPG पर सख्ती, 3 महीने बाद बंद होगी सिलेंडर आपूर्ति

शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में अलग-अलग लागू हैं मौजूदा नियम

सरकार के मुताबिक, वर्तमान में शहरी क्षेत्रों के उपभोक्ताओं के लिए गैस सिलेंडर बुकिंग के बीच 25 दिन का अंतराल अनिवार्य है। यानी एक बार सिलेंडर लेने के बाद अगली बुकिंग 25 दिन बाद ही की जा सकती है। वहीं ग्रामीण क्षेत्रों में यह अवधि 45 दिन निर्धारित है, और यहां सिंगल या डबल सिलेंडर का कोई फर्क नहीं पड़ता। सभी उपभोक्ताओं पर समान नियम लागू होते हैं। सरकार ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी तरह की अपुष्ट जानकारी पर भरोसा न करें और केवल आधिकारिक स्रोतों से मिली जानकारी को ही सही मानें, ताकि अनावश्यक परेशानी से बचा जा सके।

Leave a Comment

New Delhi : सोनिया गांधी अस्पताल में भर्ती, राहुल गांधी ने रद्द किया केरल दौरा

स्वास्थ्य स्थिर, डॉक्टरों की निगरानी में चल रहा इलाज जेबी लाइव, रिपोर्टर नई दिल्ली : नई दिल्ली में कांग्रेस संसदीय

  • स्वास्थ्य स्थिर, डॉक्टरों की निगरानी में चल रहा इलाज

जेबी लाइव, रिपोर्टर

नई दिल्ली : नई दिल्ली में कांग्रेस संसदीय दल की अध्यक्ष Sonia Gandhi को मंगलवार देर शाम Sir Ganga Ram Hospital में भर्ती कराया गया। अस्पताल प्रशासन के अनुसार उनकी स्थिति फिलहाल स्थिर है और डॉक्टरों की टीम लगातार उनकी निगरानी कर रही है। अस्पताल के चेयरमैन डॉ. अजय स्वरूप ने बताया कि सोनिया गांधी को पेट और यूरिन संक्रमण की शिकायत के बाद भर्ती किया गया है, जिसकी जांच जारी है। उन्हें एंटीबायोटिक दवाएं दी जा रही हैं और विशेषज्ञ डॉक्टर उनकी हालत पर नजर बनाए हुए हैं। इसी बीच उनकी तबीयत खराब होने के कारण लोकसभा में विपक्ष के नेता Rahul Gandhi ने अपना केरल दौरा रद्द कर दिया है।

इसे भी पढ़ें : New Delhi : नीतीश कुमार फिर बने जेडीयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष, ललन सिंह बोले- ‘वही हैं पार्टी की पहचान’

खरगे पहुंचे केरल, सर्वदलीय बैठक से राहुल भी रहे दूर

गौरतलब है कि Sonia Gandhi पहले से अस्थमा की मरीज रही हैं और नियमित जांच के लिए इसी अस्पताल में आती रही हैं। गांधी परिवार का इस अस्पताल पर गहरा भरोसा रहा है। इस बार भी स्वास्थ्य खराब होने के चलते Rahul Gandhi ने अपना कार्यक्रम स्थगित कर दिया, जबकि कांग्रेस अध्यक्ष Mallikarjun Kharge केरल दौरे पर गए हैं। संसद में ईरान-अमेरिका मुद्दे पर बुलाई गई सर्वदलीय बैठक में भी राहुल गांधी शामिल नहीं हुए। उनकी अनुपस्थिति में कांग्रेस की ओर से Tariq Anwar और Mukul Wasnik ने भाग लिया। इस दौरान संसद परिसर में राहुल गांधी और Priyanka Gandhi की गैरमौजूदगी भी चर्चा का विषय बनी रही।

New Delhi : नीतीश कुमार फिर बने जेडीयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष, ललन सिंह बोले- ‘वही हैं पार्टी की पहचान’

निर्विरोध चुनाव में एकमात्र नामांकन, सर्वसम्मति से मिली कमान जेबी लाइव, रिपोर्टर नई दिल्ली : नई दिल्ली में 24 मार्च

  • निर्विरोध चुनाव में एकमात्र नामांकन, सर्वसम्मति से मिली कमान

जेबी लाइव, रिपोर्टर

नई दिल्ली : नई दिल्ली में 24 मार्च को जनता दल (यूनाइटेड) के संगठनात्मक चुनाव में बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को एक बार फिर राष्ट्रीय अध्यक्ष चुना गया। इस पद के लिए किसी अन्य उम्मीदवार ने नामांकन दाखिल नहीं किया, जिसके चलते उन्हें निर्विरोध निर्वाचित घोषित किया गया। जेडीयू नेता Anil Hegde ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि नामांकन की अंतिम तिथि 22 मार्च थी, जबकि 23 मार्च को जांच और 24 मार्च को नाम वापसी की अंतिम समय सीमा तय थी। चूंकि केवल एक ही नामांकन प्राप्त हुआ, इसलिए पार्टी ने सर्वसम्मति से नीतीश कुमार को फिर से अध्यक्ष पद की जिम्मेदारी सौंपी।

इसे भी पढ़ें : Jadugoda : जादूगोड़ा का साइबर अपराधी राज भगत गिरफ्तार, दिल्ली पुलिस ले गई साथ

नेतृत्व की सराहना, 32 साल के सफर को बताया ऐतिहासिक

जेडीयू के कार्यकारी अध्यक्ष Sanjay Jha ने नीतीश कुमार के नेतृत्व को पार्टी की मजबूती का आधार बताया। उन्होंने कहा कि 1994 में समता पार्टी के गठन से शुरू हुई यात्रा आज 32 वर्षों में एक मजबूत राजनीतिक संगठन के रूप में सामने आई है। झा ने कहा कि नीतीश कुमार के समर्पण और मेहनत ने पार्टी को नई पहचान दी। उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि पहले बिहार के लोगों में हीन भावना थी, लेकिन आज राज्य विकास के नए दौर में प्रवेश कर चुका है। राष्ट्रीय लोकतांत्रिक गठबंधन के साथ मिलकर किए गए कार्यों को भी उन्होंने इस बदलाव का प्रमुख कारण बताया।

इसे भी पढ़ें : Baharagoda : स्वर्णरेखा तट पर सेना का साहस, दो जिंदा बम निष्क्रिय कर टाला बड़ा हादसा

ललन सिंह का बयान- नीतीश ही पार्टी’, कार्यकर्ताओं में उत्साह

केंद्रीय मंत्री और जेडीयू के वरिष्ठ नेता Rajiv Ranjan Singh ने स्पष्ट कहा कि पार्टी की पहचान ही नीतीश कुमार हैं। उन्होंने कहा कि जेडीयू की स्थापना से लेकर उसे ऊंचाइयों तक पहुंचाने में नीतीश कुमार की सबसे बड़ी भूमिका रही है। ऐसे में उनका निर्विरोध अध्यक्ष बनना स्वाभाविक है। इस घोषणा के बाद पार्टी कार्यकर्ताओं में उत्साह का माहौल देखा गया और नेताओं ने इसे संगठन की एकजुटता का प्रतीक बताया। जेडीयू के भीतर इस फैसले को नेतृत्व में स्थिरता और आगामी राजनीतिक रणनीतियों के लिए अहम माना जा रहा है।

Jadugoda : जादूगोड़ा का साइबर अपराधी राज भगत गिरफ्तार, दिल्ली पुलिस ले गई साथ

सात लाख की ठगी के मामले में वेस्ट दिल्ली साइबर थाना ने की कार्रवाई जेबी लाइव, रिपोर्टर जादूगोड़ा : जादूगोड़ा

  • सात लाख की ठगी के मामले में वेस्ट दिल्ली साइबर थाना ने की कार्रवाई

जेबी लाइव, रिपोर्टर

जादूगोड़ा : जादूगोड़ा थाना क्षेत्र के इंचड़ा गांव से साइबर अपराध के आरोपी राज भगत को दिल्ली पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। गुरुवार को वेस्ट दिल्ली साइबर थाना की टीम ने स्थानीय पुलिस के सहयोग से संयुक्त छापामारी कर उसे हिरासत में लिया। आरोपी पर दिल्ली के एक व्यक्ति से करीब सात लाख रुपये की धोखाधड़ी करने का आरोप है। इस संबंध में केस संख्या 118/2026 दिनांक 16 मार्च के तहत भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की विभिन्न धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की गई है। जादूगोड़ा थाना प्रभारी ईश्वर दयाल मुंडा ने बताया कि दिल्ली पुलिस ट्रांजिट डिमांड लेने के बाद आरोपी को अपने साथ ले गई है।

इसे भी पढ़ें : Baharagoda : स्वर्णरेखा तट पर सेना का साहस, दो जिंदा बम निष्क्रिय कर टाला बड़ा हादसा

स्थानीय पुलिस के सहयोग से हुई गिरफ्तारी, टीम में कई अधिकारी शामिल

दिल्ली से आई पुलिस टीम में एचसी विनोद, हरेंद्र और प्रवीण शामिल थे, जिन्होंने जादूगोड़ा पुलिस के साथ मिलकर इस कार्रवाई को अंजाम दिया। स्थानीय स्तर पर थाना प्रभारी ईश्वर दयाल मुंडा, पु0अ0नि0 अनंत मरांडी, प्रीतम राज, एएसआई देवी दयाल भगत और शस्त्र बल के जवानों की अहम भूमिका रही। गिरफ्तार आरोपी राज भगत, स्वर्गीय चितरंजन भगत का पुत्र है और इंचड़ा गांव का निवासी है। पुलिस अब उसे दिल्ली ले जाकर आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी करेगी। इस कार्रवाई से क्षेत्र में साइबर अपराध के खिलाफ सख्त संदेश गया है।

Baharagoda : स्वर्णरेखा तट पर सेना का साहस, दो जिंदा बम निष्क्रिय कर टाला बड़ा हादसा

बहरागोड़ा में ‘कंट्रोल्ड ब्लास्ट’ से खत्म हुआ खतरा, ग्रामीणों ने ली राहत की सांस जेबी लाइव, रिपोर्टर बहरागोड़ा : बहरागोड़ा

  • बहरागोड़ा में कंट्रोल्ड ब्लास्टसे खत्म हुआ खतरा, ग्रामीणों ने ली राहत की सांस

जेबी लाइव, रिपोर्टर

बहरागोड़ा : बहरागोड़ा प्रखंड के पानीपड़ा नागुड़साई क्षेत्र में बीते कई दिनों से भय और अनिश्चितता का माहौल बना हुआ था, लेकिन बुधवार का दिन राहत भरी खबर लेकर आया। भारतीय सेना के बम निरोधक दस्ते ने स्वर्णरेखा नदी और एक ग्रामीण घर में छिपाए गए दो जिंदा बमों को सफलतापूर्वक निष्क्रिय कर दिया। इस दौरान ‘कंट्रोल्ड ब्लास्ट’ की मदद से विस्फोटकों को सुरक्षित तरीके से नष्ट किया गया। सेना के जवानों ने आधुनिक उपकरणों और तकनीकी कौशल का उपयोग करते हुए पूरे ऑपरेशन को अंजाम दिया। व्रतियों और स्थानीय ग्रामीणों के लिए यह किसी बड़ी राहत से कम नहीं था, क्योंकि वे लंबे समय से इस खतरे की आशंका में जी रहे थे।

इसे भी पढ़ें : Potka : चैती छठ का समापन, उगते सूर्य को अर्घ्य देकर व्रतियों ने किया पारण

रणभूमि में तब्दील हुआ इलाका, सुरक्षा के कड़े इंतजाम

बुधवार दोपहर स्वर्णरेखा नदी का किनारा किसी युद्ध क्षेत्र जैसा नजर आ रहा था। एक ओर सेना के विशेषज्ञ मौत को मात देने की तैयारी में जुटे थे, तो दूसरी ओर पुलिस प्रशासन ने पूरे इलाके को सुरक्षा घेरे में ले लिया था। झारखंड और पश्चिम बंगाल की सीमा पर चौकसी बढ़ा दी गई थी, वहीं सातमा, जालमाटि और नागुड़साई गांवों को खाली कराकर ग्रामीणों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया। दोपहर में जैसे ही सेना को संकेत मिला, जोरदार धमाके के साथ नदी में छिपे बम को नष्ट किया गया, जिससे आसमान में धूल का विशाल गुबार उठ गया। इसके तुरंत बाद घर में मिले दूसरे बम को भी सफलतापूर्वक निष्क्रिय कर दिया गया। यह कार्रवाई न सिर्फ एक विस्फोटक को खत्म करने की थी, बल्कि हजारों लोगों के मन में बैठे डर को भी खत्म करने वाली साबित हुई।

इसे भी पढ़ें : Potka : पोटका में छठ पूजा : अस्ताचलगामी सूर्य को अर्घ्य, भक्तों में उमड़ा उत्साह

सेना के सम्मान में गूंजे नारे, प्रशासन ने जारी रखा अलर्ट

ऑपरेशन के सफल समापन के बाद का दृश्य भावुक कर देने वाला था। सुरक्षित दूरी पर मौजूद सैकड़ों ग्रामीणों ने जैसे ही खतरे के टलने की पुष्टि की, पूरा क्षेत्र ‘भारतीय सेना जिंदाबाद’ के नारों से गूंज उठा। युवाओं ने इस ऐतिहासिक पल को अपने कैमरों में कैद किया, वहीं बुजुर्गों ने सेना और प्रशासन का आभार जताया। हालांकि बम निष्क्रिय कर दिए गए हैं, लेकिन प्रशासन ने सतर्कता बरतते हुए इलाके को अभी ‘नो-गो जोन’ घोषित कर रखा है। घाटशिला डीएसपी अजीत कुमार कुजूर और सीओ राजाराम सिंह मुंडा ने स्पष्ट किया है कि जब तक बम के अवशेष पूरी तरह साफ नहीं हो जाते, तब तक लोगों की आवाजाही प्रतिबंधित रहेगी। इस पूरे अभियान में बहरागोड़ा, बरसोल, श्याम सुंदरपुर और चाकुलिया थाना प्रभारियों की अहम भूमिका रही, जिनकी मुस्तैदी से यह ऑपरेशन सफल हो सका।

Potka : चैती छठ का समापन, उगते सूर्य को अर्घ्य देकर व्रतियों ने किया पारण

चार दिनों की कठिन साधना के साथ घाटों पर उमड़ी आस्था की भीड़ जेबी लाइव, रिपोर्टर पोटका : पोटका क्षेत्र

  • चार दिनों की कठिन साधना के साथ घाटों पर उमड़ी आस्था की भीड़

जेबी लाइव, रिपोर्टर

पोटका : पोटका क्षेत्र में सूर्य उपासना का महापर्व चैती छठ पूरे श्रद्धा और विधि-विधान के साथ संपन्न हो गया। हाता, हल्दीपोखर सहित आसपास के कई इलाकों में व्रतियों ने चार दिनों तक कठोर नियमों का पालन करते हुए भगवान भास्कर और छठी मैया की पूजा-अर्चना की। व्रत के अंतिम दिन प्रातःकाल बड़ी संख्या में श्रद्धालु घाटों पर एकत्रित हुए और उगते सूर्य को अर्घ अर्पित कर व्रत का पारण किया। इस दौरान घाटों पर भक्ति गीत, मंत्रोच्चार और दीपों की रोशनी से वातावरण पूरी तरह भक्तिमय हो गया। श्रद्धालुओं ने परिवार की सुख-समृद्धि और शांति के लिए प्रार्थना की।

इसे भी पढ़ें : Potka : पोटका में छठ पूजा : अस्ताचलगामी सूर्य को अर्घ्य, भक्तों में उमड़ा उत्साह

अटूट विश्वास के साथ हर वर्ष बढ़ रही व्रतियों की संख्या

स्थानीय लोगों के अनुसार छठी मैया की पूजा सच्चे मन से करने पर सभी मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं, यही विश्वास इस पर्व को और विशेष बनाता है। इस वर्ष भी महिलाओं और पुरुषों ने समान रूप से व्रत रखकर अपनी आस्था का परिचय दिया। घाटों की साफ-सफाई और सुरक्षा के लिए प्रशासन द्वारा भी विशेष व्यवस्था की गई थी। पूरे क्षेत्र में उत्सव जैसा माहौल रहा और लोगों ने मिलकर इस पर्व को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराया। हर वर्ष की तरह इस बार भी श्रद्धालुओं की संख्या में वृद्धि देखी गई, जो इस पर्व के प्रति बढ़ती आस्था को दर्शाती है।

Potka : पोटका में छठ पूजा : अस्ताचलगामी सूर्य को अर्घ्य, भक्तों में उमड़ा उत्साह

कमल तालाब और हाता नदी घाट पर छठ व्रतियों ने दिखाया श्रद्धा और भक्ति जेबी लाइव, रिपोर्टर पोटका : पोटका

  • कमल तालाब और हाता नदी घाट पर छठ व्रतियों ने दिखाया श्रद्धा और भक्ति

जेबी लाइव, रिपोर्टर

पोटका : पोटका में सूर्य उपासना का महापर्व चैती छठ पूजा धूमधाम और श्रद्धा के साथ मनाया गया मंगलवार की संध्या कमल तालाब और हाता नदी घाट पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी छठ व्रतियों ने अस्ताचलगामी सूर्य को विधि-विधान और नियमों के अनुसार अर्घ्य अर्पित किया घाटों पर सुबह से ही साफ-सफाई और सजावट का विशेष ध्यान रखा गया था, जिससे माहौल भक्तिमय बन गया जैसे ही सूर्यास्त का समय आया, व्रती पारंपरिक वेशभूषा में घाटों पर पहुंच गए छठ गीतों और भक्ति संगीत के बीच श्रद्धालुओं ने भगवान भास्कर और छठी मैया की पूजा-अर्चना की और परिवार की सुख-समृद्धि, शांति एवं मंगलमय जीवन की कामना की अर्घ्य देने के लिए भक्तों की कतारें लंबी रही, जिसमें सभी ने बारी-बारी से अर्घ्य अर्पित कर अपनी श्रद्धा व्यक्त की।

इसे भी पढ़ें : Potka : बाल विवाह के खिलाफ किशोरियों को नुक्कड़ नाटक का प्रशिक्षण

वातावरण में श्रद्धा और अनुशासन, छठ व्रतियों की निष्ठा ने बढ़ाई भक्ति

छठ व्रत को सबसे कठिन व्रतों में से एक माना जाता है व्रती 36 घंटे तक निर्जला उपवास रखते हुए भगवान सूर्य की उपासना करते हैं खरना के बाद शुरू हुए इस कठोर व्रत में व्रती पूरी निष्ठा और नियमों के पालन के साथ पूजा-अर्चना में लीन रहते हैं अब सभी की नजरें अगले दिन उगते सूर्य को अर्घ्य अर्पित करने पर टिकी हैं, जिसके साथ ही चार दिवसीय महापर्व का समापन होगा पूरे पोटका क्षेत्र में छठ पर्व को लेकर श्रद्धालुओं में अपार उत्साह और भक्ति देखने को मिल रही है इस अवसर पर लोगों ने सामाजिक और पारिवारिक मेलजोल के साथ उत्सव का आनंद लिया।

Leave a Comment

You cannot copy content of this page

Scroll to Top