Jamshedpur : टाटा मोटर्स कॉलोनी में दिनदहाड़े बड़ी चोरी, 5 लाख के जेवरात और नकदी लेकर फरार हुए चोर
बंद घर को बनाया निशाना, पीछे का दरवाजा तोड़कर वारदात को दिया अंजाम
सीसीटीवी फुटेज के सहारे चोरों की तलाश में जुटी पुलिस
जेबी लाइव, रिपोर्टर
जमशेदपुर :टेल्को थाना क्षेत्र अंतर्गत टाटा मोटर्स कॉलोनी में रविवार को दिनदहाड़े हुई बड़ी चोरी की घटना ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। शहर की सबसे सुरक्षित मानी जाने वाली कॉलोनियों में शामिल इस इलाके में चोरों ने एक बंद घर को निशाना बनाकर लाखों रुपये की संपत्ति पर हाथ साफ कर दिया। जानकारी के अनुसार, क्रॉस रोड नंबर-25 स्थित क्वार्टर संख्या K2/13 निवासी टाटा मोटर्स कर्मचारी संतोष कुमार सिंह रविवार सुबह लगभग 10:30 बजे अपने पिता से मिलने लक्ष्मीनगर गए थे। घर खाली होने का फायदा उठाकर बदमाश पीछे का दरवाजा तोड़कर अंदर घुस गए। इसके बाद उन्होंने पूरे घर की तलाशी ली और अलमारी के लॉकर को तोड़कर उसमें रखे कीमती सामान पर हाथ साफ कर दिया। घटना की जानकारी तब हुई जब शाम को संतोष कुमार सिंह वापस लौटे और घर का सामान बिखरा हुआ पाया।
बंद घरों पर चोरों की नजर, सुरक्षा को लेकर बढ़ी चिंता
चोर घर से करीब 5 लाख रुपये मूल्य के सोने-चांदी के जेवरात तथा 25 हजार रुपये नकद लेकर फरार हो गए। सूचना मिलने पर टेल्को थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले जा रहे हैं ताकि अपराधियों की पहचान की जा सके। थाना प्रभारी ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए छापेमारी की जा रही है और जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। इधर, दिनदहाड़े हुई इस चोरी की घटना से टाटा मोटर्स कॉलोनी के निवासियों में भय और असुरक्षा का माहौल है। लोगों का कहना है कि यदि इतनी सुरक्षित मानी जाने वाली कॉलोनी में भी अपराधी बेखौफ होकर वारदात को अंजाम दे रहे हैं, तो सुरक्षा व्यवस्था को और सख्त करने की आवश्यकता है। स्थानीय निवासियों ने पुलिस गश्त बढ़ाने और कॉलोनी में निगरानी व्यवस्था मजबूत करने की मांग की है।
संयुक्त मोर्चा ने सेल प्रबंधन के फैसले का किया विरोध, लंबित मांगों पर कार्रवाई की मांग रेफरल नीति और कर्मचारी
संयुक्त मोर्चा ने सेल प्रबंधन के फैसले का किया विरोध, लंबित मांगों पर कार्रवाई की मांग
रेफरल नीति और कर्मचारी हितों के मुद्दे पर संघर्ष जारी रखने की चेतावनी
जेबी लाइव, रिपोर्टर
गुवा :सेल प्रबंधन द्वारा 15 जून 2026 से सभी नियमित कर्मचारियों के लिए बायोमेट्रिक अटेंडेंस मैनेजमेंट सिस्टम (बीएएमएस) लागू करने के निर्णय के विरोध में सोमवार को मेघाहातुबुरु में श्रमिक संगठनों ने संयुक्त मोर्चा के बैनर तले जोरदार धरना-प्रदर्शन किया। जनरल ऑफिस के समक्ष आयोजित इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में कर्मचारियों ने भाग लिया और प्रबंधन के खिलाफ नारेबाजी की। श्रमिक नेताओं ने कहा कि बायोमेट्रिक अटेंडेंस का मामला वर्तमान में न्यायालय में विचाराधीन है। ऐसे में अदालत के अंतिम निर्णय से पहले इसे लागू करने की घोषणा करना न्यायिक प्रक्रिया और कर्मचारियों के अधिकारों की अनदेखी है। नेताओं ने सवाल उठाया कि जब मामला कोर्ट में लंबित है, तब प्रबंधन किस आधार पर इसे 15 जून से लागू करना चाहता है। उन्होंने मांग की कि न्यायालय के निर्णय तक इस व्यवस्था को लागू करने की प्रक्रिया स्थगित रखी जाए।
न्यायालय में लंबित मामले के बीच बायोमेट्रिक व्यवस्था लागू करने पर आपत्ति
धरना-प्रदर्शन के दौरान श्रमिक संगठनों ने किरीबुरु-मेघाहातुबुरु सेल अस्पताल की बदहाल स्वास्थ्य व्यवस्था का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया। नेताओं ने कहा कि पिछले कई वर्षों से महिला रोग विशेषज्ञ, ईएनटी विशेषज्ञ, हड्डी रोग विशेषज्ञ, सर्जन और अन्य आवश्यक चिकित्सकों की नियुक्ति की मांग की जा रही है, लेकिन अब तक कोई ठोस पहल नहीं की गई है। इसके कारण हजारों सेलकर्मियों और उनके परिवारों को बेहतर चिकित्सा सुविधाएं नहीं मिल पा रही हैं। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं की कमी के कारण कर्मचारियों को गंभीर परेशानियों का सामना करना पड़ता है, जबकि प्रबंधन इस दिशा में अपेक्षित कदम उठाने में विफल रहा है।
अस्पताल में विशेषज्ञ चिकित्सकों की कमी पर जताई नाराजगी
श्रमिक नेताओं ने रेफरल नीति की भी आलोचना करते हुए कहा कि गंभीर बीमारी या दुर्घटना की स्थिति में कर्मचारियों को बाहरी अस्पतालों में इलाज के लिए रेफरल सुविधा प्राप्त करने में अनावश्यक बाधाओं का सामना करना पड़ता है। इसे उन्होंने अव्यावहारिक और अमानवीय व्यवस्था बताया। संयुक्त मोर्चा ने चेतावनी दी कि कर्मचारियों की लंबित समस्याओं, स्वास्थ्य सुविधाओं और कल्याणकारी मांगों पर जब तक ठोस कार्रवाई नहीं होती, तब तक बायोमेट्रिक अटेंडेंस लागू करने का विरोध जारी रहेगा। धरना-प्रदर्शन में अफताब आलम, इंतखाब आलम, दयानंद कुमार, गुंजन कुमार, बीरबल गुड़िया, अनिल टोपनो, इलियास चाम्पिया, धनीराम लकड़ा, एस.पी. गुप्ता, अर्जुन पूर्ति, संतोष पांडा सहित बड़ी संख्या में सेलकर्मी और श्रमिक नेता उपस्थित रहे।
झारखंड प्रदेश स्तरीय बैठक में नई कमिटी का गठन, समाज के विकास और एकता पर जोर विभिन्न जिलों में संगठन
झारखंड प्रदेश स्तरीय बैठक में नई कमिटी का गठन, समाज के विकास और एकता पर जोर
विभिन्न जिलों में संगठन विस्तार के लिए नई जिम्मेदारियों का वितरण
जेबी लाइव, रिपोर्टर
जादूगोड़ा : बिष्टुपुर स्थित निर्मल गेस्ट हाउस में मुखी समाज विकास समिति की झारखंड प्रदेश स्तरीय महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में कोल्हान प्रमंडल के अलावा झारखंड के विभिन्न जिलों से आए समाज के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। इस दौरान संगठन के विस्तार, समाज की एकता, सामाजिक विकास तथा अधिकारों से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में सर्वसम्मति से जादूगोड़ा के सामाजिक कार्यकर्ता टिक्की मुखी को मुखी समाज विकास समिति का झारखंड प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष चुना गया, जबकि भास्कर मुखी को प्रदेश अध्यक्ष की जिम्मेदारी सौंपी गई। दोनों नेताओं के चयन की घोषणा होते ही उपस्थित समाजबंधुओं ने फूल-माला पहनाकर उनका स्वागत और अभिनंदन किया। बैठक का माहौल उत्साहपूर्ण रहा और समाज के लोगों ने नई टीम से संगठन को और मजबूत बनाने की उम्मीद जताई।
प्रदेश अध्यक्ष भास्कर मुखी ने कहा कि टिक्की मुखी लंबे समय से समाज के हक-अधिकार और सामाजिक उत्थान के लिए सक्रिय रूप से कार्य कर रहे हैं। उनके संघर्ष, समर्पण और समाज सेवा को देखते हुए उन्हें प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष के साथ-साथ पूर्वी सिंहभूम प्रभारी की जिम्मेदारी भी दी गई है। अपने संबोधन में टिक्की मुखी ने कहा कि नया दायित्व मिलने के बाद उनकी जिम्मेदारियां और बढ़ गई हैं। उन्होंने कहा कि संगठन की मजबूती, समाज की एकता तथा किसी कारणवश पीछे रह गए समाज के लोगों को मुख्यधारा से जोड़ना उनकी प्राथमिकता होगी। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सभी समाजबंधुओं को साथ लेकर समाज के विकास और उत्थान के लिए निरंतर कार्य किया जाएगा। बैठक में समाज के शैक्षणिक, सामाजिक और आर्थिक विकास को लेकर भी कई महत्वपूर्ण सुझाव सामने आए।
समाज के उत्थान और एकता को सर्वोच्च प्राथमिकता देने का संकल्प
बैठक में अन्य पदाधिकारियों की भी घोषणा की गई। शंभु मुखी (डूंगरी) को प्रदेश महासचिव, आशीष मुखी को प्रदेश प्रवक्ता, सूरज मुखी को प्रदेश उपाध्यक्ष सह चाईबासा प्रभारी, आजाद बेहरा को प्रदेश सचिव, कमलेश मुखी और लक्ष्मण मुखी को महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां दी गईं। वहीं रवि मुखी को कोल्हान प्रभारी तथा राजेश प्रसाद मुखी को रांची प्रभारी बनाया गया। विभिन्न जिलों के जिलाध्यक्षों की भी घोषणा की गई, जिसमें त्रिनाथ मुखी को पूर्वी सिंहभूम जिलाध्यक्ष, विकास मुखी को जमशेदपुर महानगर अध्यक्ष, मोहन मुखी को सरायकेला-खरसावां जिलाध्यक्ष, अमित मुखी को पश्चिमी सिंहभूम जिलाध्यक्ष, प्रीतम मुखी को लोहरदगा जिलाध्यक्ष और अनिल मुखी को बोकारो जिलाध्यक्ष मनोनीत किया गया। बैठक में केंद्रीय मुखी समाज के अध्यक्ष हरि मुखी मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम में भास्कर मुखी, हरि मुखी, टिक्की मुखी, शंभु मुखी, लक्ष्मण मुखी, आशीष मुखी, राजेश प्रसाद मुखी, विकास मुखी, कुंदन मुखी, मोना सूर्यवंशी, अर्जुन मुखी, जितेंद्र सुनानी, मुकेश मुखी, दीपक मुखी सहित बड़ी संख्या में समाज के सदस्य मौजूद रहे।
देव वाटिका में होगा भव्य आयोजन, सुरक्षा और व्यवस्थाओं का अधिकारियों ने लिया जायजा प्रतिभाओं के सम्मान के लिए सज
देव वाटिका में होगा भव्य आयोजन, सुरक्षा और व्यवस्थाओं का अधिकारियों ने लिया जायजा
प्रतिभाओं के सम्मान के लिए सज रहा भव्य मंच, आयोजन समिति जुटी तैयारियों में
जेबी लाइव, रिपोर्टर
बहरागोड़ा :प्रखंड क्षेत्र की प्रतिभाओं को सम्मानित करने के उद्देश्य से आगामी 10 जून को देव वाटिका में आयोजित होने वाले ‘प्रतिभा सम्मान समारोह’ की तैयारियां जोर-शोर से चल रही हैं। इस विशेष कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में झारखंड के राज्यपाल संतोष गंगवार शामिल होंगे। राज्यपाल के आगमन को देखते हुए प्रशासनिक और पुलिस महकमा पूरी तरह अलर्ट मोड में है। सोमवार को घाटशिला के एसडीपीओ विकास आनंद लगुड़ी, अंचल अधिकारी राजाराम सिंह मुंडा, पुलिस निरीक्षक अनिल कुमार तथा थाना प्रभारी शंकर प्रसाद कुशवाहा ने कार्यक्रम स्थल का निरीक्षण कर सुरक्षा व्यवस्था और अन्य आवश्यक तैयारियों की समीक्षा की। अधिकारियों ने आयोजन स्थल के विभिन्न हिस्सों का जायजा लेते हुए सुरक्षा कर्मियों को आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए।
राज्यपाल के दौरे को लेकर सुरक्षा व्यवस्था की व्यापक तैयारी
कार्यक्रम को सफल और ऐतिहासिक बनाने के लिए आयोजन समिति भी पूरी सक्रियता के साथ तैयारियों में जुटी हुई है। समिति की ओर से चंडी चरण साऊ, सुमन कल्याण मंडल, राजकुमार कर, बाप्तू साऊ और श्रीवस्त घोष ने प्रशासनिक अधिकारियों के साथ बैठक कर कार्यक्रम की प्रगति और व्यवस्थाओं की जानकारी साझा की। आयोजन समिति और प्रशासन के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि समारोह गरिमापूर्ण वातावरण में सफलतापूर्वक संपन्न हो। प्रतिभा सम्मान समारोह में क्षेत्र के मेधावी छात्र-छात्राओं और विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले लोगों को सम्मानित किया जाएगा। राज्यपाल की मौजूदगी से कार्यक्रम की गरिमा और महत्व और भी बढ़ गया है, जिससे क्षेत्र में उत्साह का माहौल देखा जा रहा है।
सर्वसम्मति से हुआ यूनियन का पुनर्गठन, नए पदाधिकारियों और कार्यकारिणी सदस्यों का चयन श्रमिक हितों और संगठन की मजबूती पर
सर्वसम्मति से हुआ यूनियन का पुनर्गठन, नए पदाधिकारियों और कार्यकारिणी सदस्यों का चयन
श्रमिक हितों और संगठन की मजबूती पर अधिवेशन में हुई चर्चा
जेबी लाइव, रिपोर्टर
जादूगोड़ा :यूसिल की मान्यता प्राप्त श्रमिक संगठन यूरेनियम मजदूर संघ का 16वां अधिवेशन रविवार को जादूगोड़ा यूसिल कॉलोनी स्थित सामुदायिक केंद्र में शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ। अधिवेशन के दौरान वर्ष 2026-27 के लिए यूनियन का पुनर्गठन किया गया। सर्वसम्मति से तूरामडीह यूरेनियम प्रोजेक्ट में कार्यरत युवा नेता मुकेश कुमार को यूनियन का नया महामंत्री चुना गया, जबकि नरवा पहाड़ के आनंद महतो को अध्यक्ष की जिम्मेदारी सौंपी गई। संगठन के मार्गदर्शन और मजबूती के लिए मुरली मनोहर राव, चंद्र शेखर पंडित एवं बलराम यादव को संरक्षक बनाया गया। अधिवेशन के दौरान संगठन को मजबूत बनाने, श्रमिक हितों की रक्षा तथा कर्मचारियों की समस्याओं के समाधान पर भी चर्चा की गई।
सर्वसम्मति से चुनी गई नई नेतृत्व टीम, संगठन को मिली नई दिशा
यूनियन के पुनर्गठन में विभिन्न पदों पर नए पदाधिकारियों का चयन किया गया। कार्यकारी अध्यक्ष के रूप में तूरामडीह माइंस की महिला नेत्री बीना पानी टुडू को जिम्मेदारी दी गई। वहीं उपाध्यक्ष पद पर संजय कुमार, सोना राम हांसदा, मनोज कुमार और देवी सामद को शामिल किया गया। संयुक्त मंत्री के रूप में उपेन्द्र सिंह, संगठन मंत्री के रूप में उमेश चंद्र कुमार तथा मंत्री पद पर प्रकाश सिंह, उज्ज्वल दास, अरुण कुमार सिंह और तारक नाथ को जिम्मेदारी सौंपी गई। इसके अलावा अजीत कुमार हलधर को कोषाध्यक्ष, फागू मार्डी को सह कोषाध्यक्ष, पुष्पराज को कार्यालय मंत्री तथा धनी राम टुडू, दिल बहादुर आले और राधे गोप को सह कार्यालय मंत्री बनाया गया। नई टीम के गठन पर उपस्थित सदस्यों ने सभी पदाधिकारियों को बधाई दी।
यूनियन के विभिन्न पदों पर नई जिम्मेदारियों का हुआ वितरण
अधिवेशन के दौरान 14 सदस्यीय कार्यकारिणी समिति का भी गठन किया गया। इसमें फागू मुर्मू, चरण किस्कू, देवला बेसरा, बागी हांसदा, गुरुवारी कुई, एम.के. पंडित, मुकेश सरदार, नवीन प्रसाद, खैरा हो, मधुसूदन महतो, दामोदर पूर्ति, धनंजय वर्मा और धनंजय सिंह को शामिल किया गया। कार्यक्रम में भारतीय मजदूर संघ के प्रदेश अध्यक्ष बलराम यादव, जिला अध्यक्ष अनिमेश कुमार दास, जिला मंत्री अमरेंद्र कुमार सिंह, विभाग प्रमुख अभिमन्यु सिंह सहित यूसिल की विभिन्न इकाइयों से आए कमेटी मेंबर, पदाधिकारी और बड़ी संख्या में श्रमिक उपस्थित रहे। वक्ताओं ने संगठन की एकता बनाए रखते हुए श्रमिक हितों की रक्षा के लिए सामूहिक प्रयास करने का आह्वान किया।
दो दौर की वार्ता रही बेनतीजा, लिखित आश्वासन नहीं मिलने तक अंतिम संस्कार से इंकार वंदे भारत एक्सप्रेस की छत
दो दौर की वार्ता रही बेनतीजा, लिखित आश्वासन नहीं मिलने तक अंतिम संस्कार से इंकार
वंदे भारत एक्सप्रेस की छत पर कार्य के दौरान हुआ था हादसा
जेबी लाइव, रिपोर्टर
जमशेदपुर :टाटानगर रेलवे यार्ड में कार्य के दौरान करंट लगने से गंभीर रूप से झुलसे युवा तकनीशियन आशीष माझी की मौत के बाद मुआवजा और नौकरी को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। मृतक के परिजन रेलवे प्रशासन से 50 लाख रुपये मुआवजा और परिवार के एक सदस्य को स्थायी नौकरी देने की मांग पर अड़े हुए हैं। इस मुद्दे पर अब तक रेलवे प्रशासन और परिजनों के बीच दो दौर की वार्ता हो चुकी है, लेकिन कोई ठोस समाधान नहीं निकल सका है। सोमवार को एरिया रेल मैनेजर (एआरएम) समीर सौरभ की अध्यक्षता में रेलवे अधिकारियों, मृतक के परिजनों, जनप्रतिनिधियों और सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों के साथ त्रिपक्षीय बैठक आयोजित की गई। करीब दो घंटे तक चली इस बैठक में विभिन्न बिंदुओं पर चर्चा हुई, लेकिन किसी भी मांग पर अंतिम सहमति नहीं बन पाई। लगातार दूसरी बार बातचीत विफल होने से परिजनों और स्थानीय लोगों में नाराजगी बढ़ती जा रही है।
रेलवे प्रशासन और परिजनों के बीच बातचीत फिर रही असफल
बैठक के दौरान मृतक के परिजनों ने स्पष्ट कहा कि हादसा रेलवे परिसर में ड्यूटी के दौरान हुआ है, इसलिए मृतक परिवार की जिम्मेदारी रेलवे प्रशासन को उठानी चाहिए। परिजनों ने 50 लाख रुपये मुआवजा, परिवार के एक सदस्य को रेलवे में स्थायी नौकरी तथा अन्य आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने की मांग रखी। उनका कहना है कि आशीष माझी परिवार का प्रमुख सहारा था और उसकी असामयिक मृत्यु से पूरा परिवार आर्थिक और मानसिक संकट में आ गया है। दूसरी ओर रेलवे प्रशासन ने आर्थिक सहायता और अनुकंपा के आधार पर नौकरी देने के विषय पर सकारात्मक रुख दिखाया, लेकिन किसी भी मांग पर स्पष्ट और लिखित आश्वासन देने से परहेज किया। इसी कारण बातचीत बिना किसी ठोस निष्कर्ष के समाप्त हो गई। परिजनों का कहना है कि केवल मौखिक आश्वासन से उन्हें संतोष नहीं होगा।
50 लाख मुआवजा और स्थायी नौकरी की मांग पर अड़े परिजन
मृतक के परिवार ने साफ शब्दों में घोषणा की है कि जब तक उनकी मांगों पर रेलवे प्रशासन की ओर से लिखित आश्वासन नहीं दिया जाता, तब तक आशीष माझी का अंतिम संस्कार नहीं किया जाएगा। परिजनों का कहना है कि पूर्व में भी कई मामलों में केवल आश्वासन देकर मामले को शांत करने का प्रयास किया गया है, इसलिए इस बार वे किसी भी मौखिक वादे पर भरोसा नहीं करेंगे। उनका कहना है कि लिखित रूप में मुआवजा, नौकरी और अन्य सहायता की घोषणा होने के बाद ही अंतिम संस्कार की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। इस निर्णय के कारण मामला और अधिक संवेदनशील हो गया है तथा प्रशासन पर समाधान निकालने का दबाव लगातार बढ़ रहा है।
लिखित आश्वासन मिलने तक अंतिम संस्कार नहीं करने का फैसला
मामले को लेकर क्षेत्र में जनाक्रोश भी बढ़ता जा रहा है। परिजनों, ग्रामीणों और सामाजिक संगठनों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही उनकी मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो रेलवे गेट जाम, धरना-प्रदर्शन और उग्र आंदोलन शुरू किया जाएगा। जिला परिषद सदस्य कुसुम पूर्ति ने कहा कि रेलवे प्रशासन के साथ दो-दो बार वार्ता होने के बावजूद कोई ठोस परिणाम नहीं निकलना दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने कहा कि मृतक परिवार को न्याय दिलाने के लिए संघर्ष जारी रहेगा और उचित मुआवजा मिलने तक आंदोलन का रास्ता अपनाया जाएगा। स्थानीय जनप्रतिनिधियों और सामाजिक संगठनों ने भी परिवार के समर्थन में उतरते हुए प्रशासन से जल्द समाधान निकालने की मांग की है।
जानकारी के अनुसार, परसूडीह के शंकरपुर निवासी आशीष माझी 30 मई को टाटानगर स्टेशन पर खड़ी वंदे भारत एक्सप्रेस के एक कोच की छत पर लगे एसी सिस्टम की मरम्मत कर रहे थे। इसी दौरान ऊपर से गुजर रही हाईटेंशन ओवरहेड विद्युत लाइन की चपेट में आने से वह गंभीर रूप से झुलस गए थे। घटना के बाद उन्हें तत्काल टाटा मेन हॉस्पिटल (टीएमएच) में भर्ती कराया गया, जहां कई दिनों तक इलाज चलने के बाद उनकी मौत हो गई। उनकी मृत्यु के बाद से परिजन, ग्रामीण और विभिन्न सामाजिक संगठन न्याय, उचित मुआवजा, नौकरी और हादसे की निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं। फिलहाल रेलवे प्रशासन और परिजनों के बीच बातचीत जारी है, लेकिन लिखित आश्वासन के अभाव में मामला गतिरोध में फंसा हुआ है और आंदोलन की संभावना लगातार बढ़ती जा रही है।
शॉल और प्रतीक चिन्ह देकर किया गया अभिनंदन, यूनियन ने हर सहयोग का दिया भरोसा सेवानिवृत्त कर्मचारियों ने साझा किए
शॉल और प्रतीक चिन्ह देकर किया गया अभिनंदन, यूनियन ने हर सहयोग का दिया भरोसा
सेवानिवृत्त कर्मचारियों ने साझा किए अपने अनुभव और यादें
जेबी लाइव, रिपोर्टर
जमशेदपुर :टाटा मोटर्स वर्कर्स यूनियन कार्यालय में सोमवार को आयोजित मासिक सम्मान समारोह में विभिन्न विभागों से सेवानिवृत्त हुए कर्मियों को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम के दौरान यूनियन की ओर से सभी सेवानिवृत्त कर्मचारियों को शॉल ओढ़ाकर तथा प्रतीक चिन्ह भेंट कर उनके योगदान का सम्मान किया गया। इस अवसर पर यूनियन के महामंत्री आरके सिंह ने कहा कि यह समारोह केवल एक औपचारिक कार्यक्रम नहीं है, बल्कि सेवानिवृत्त कर्मियों के अनुभव, विचार और सुझावों को सुनने तथा उन्हें संगठन के कार्यों में शामिल करने का एक महत्वपूर्ण माध्यम है। उन्होंने कहा कि यूनियन हमेशा अपने पूर्व कर्मियों के सुझावों का सम्मान करती है और उनके अनुभवों से सीख लेकर बेहतर कार्य करने का प्रयास करती है। उन्होंने सभी सेवानिवृत्त कर्मचारियों को स्वस्थ एवं सुखद जीवन की शुभकामनाएं भी दीं।
अनुभवों और सुझावों को संगठन की ताकत मान रही यूनियन
महामंत्री आरके सिंह ने कहा कि टाटा मोटर्स वर्कर्स यूनियन अपने सेवानिवृत्त कर्मियों के साथ हर समय खड़ी है और यदि किसी भी प्रकार की सहायता की आवश्यकता हो तो वे बिना किसी संकोच के यूनियन कार्यालय आ सकते हैं। कार्यक्रम में सेवानिवृत्त कर्मी अपने परिवारजनों के साथ शामिल हुए और बारी-बारी से अपने कार्यकाल के अनुभव साझा किए। समारोह में अध्यक्ष शशि भूषण प्रसाद, महामंत्री आरके सिंह, यूनियन के पदाधिकारी, कमेटी मेंबर तथा आरके सिंह फैंस क्लब के सदस्य उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन प्रकाश विश्वकर्मा ने किया। सम्मानित होने वालों में सैय्यद तज्जूद्दिन, अफताब रजा अंसारी, जिउत शर्मा, राजेंद्र प्रसाद, मनमोहन गोप, बराह मांझी, विमल कुमार, कृष्णा कुमार प्रसाद, कलीम खान, ओम प्रकाश सिंह, राम प्रवेश सिंह और तर्नी कुमार गोप शामिल रहे। समारोह का माहौल आत्मीयता और सम्मान से भरा रहा।