जलजमाव और गड्ढों से परेशान स्थानीय लोगों ने जनप्रतिनिधियों व प्रशासन पर उठाए सवाल
जेबी लाइव, रिपोर्टर
जमशेदपुर : परसूडीह क्षेत्र के गदड़ा-बारीगोड़ा मुख्य सड़क की जर्जर स्थिति को लेकर सोमवार को स्थानीय लोगों का आक्रोश खुलकर सामने आ गया। सड़क पर बने बड़े-बड़े गड्ढों और जलजमाव की समस्या से परेशान महिलाओं ने सड़क पर उतरकर विरोध प्रदर्शन किया। देखते ही देखते बड़ी संख्या में महिलाएं एकत्रित हो गईं और जलजमाव वाले हिस्से के पास बांस-बल्लियों से सड़क को अवरुद्ध कर दिया, जिससे आवागमन पूरी तरह प्रभावित हो गया। प्रदर्शन के दौरान महिलाओं ने कहा कि वर्षों से सड़क की स्थिति खराब बनी हुई है और रोजाना लोग दुर्घटनाओं का शिकार हो रहे हैं। प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि चुनाव के समय जनप्रतिनिधि क्षेत्र में आते हैं, लेकिन सड़क जैसी मूलभूत समस्या के समाधान की दिशा में अपेक्षित पहल नहीं की जाती। कई महिलाओं ने नाराजगी जताते हुए कहा कि क्षेत्र के पुरुषों और जनप्रतिनिधियों को जिस मुद्दे को उठाना चाहिए था, उसके लिए अब महिलाओं को आगे आना पड़ रहा है।
इसे भी पढ़ें : Baharagoda : शहीद गणेश हांसदा के पैतृक गांव में गहराया पेयजल संकट, एक साल से खराब पड़ी है जल मीनार
पुलिस पहुंची तो बढ़ा विवाद, महिलाओं ने व्यवहार पर जताई नाराजगी
सड़क जाम की सूचना मिलने के बाद परसूडीह थाना प्रभारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और लोगों को समझाने का प्रयास किया। हालांकि प्रदर्शन में शामिल कुछ महिलाओं ने आरोप लगाया कि पुलिस की ओर से उनसे उचित तरीके से संवाद नहीं किया गया। महिलाओं का कहना था कि बिना महिला पुलिसकर्मियों की पर्याप्त मौजूदगी के उन्हें हटाने का प्रयास किया गया, जिससे तनाव की स्थिति उत्पन्न हो गई। प्रदर्शन के दौरान धक्का-मुक्की जैसी स्थिति बनने की भी बात सामने आई, जिसमें एक महिला के चोटिल होने का दावा किया गया। इस घटना के बाद प्रदर्शनकारियों का आक्रोश और बढ़ गया तथा उन्होंने प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। मौके पर कुछ समय तक पुलिस और महिलाओं के बीच तीखी बहस भी हुई। हालांकि बाद में स्थानीय गणमान्य लोगों और सामाजिक प्रतिनिधियों के हस्तक्षेप से स्थिति को शांत कराया गया।
इसे भी पढ़ें : Jamshedpur : मनीपाल टाटा मेडिकल कॉलेज ने मनाया पहला ऐतिहासिक दीक्षांत समारोह, 133 एमबीबीएस छात्रों को मिली डिग्री
सड़क निर्माण की मांग तेज, चुनाव में जवाब देने की चेतावनी
प्रदर्शनकारियों का कहना है कि सड़क पर जगह-जगह बने गड्ढों में बारिश का पानी भर जाने से राहगीरों, स्कूली बच्चों और वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। स्थानीय लोगों के अनुसार कई लोग फिसलकर घायल भी हो चुके हैं। महिलाओं ने मांग की कि सड़क की मरम्मत और पुनर्निर्माण का कार्य अविलंब शुरू कराया जाए ताकि लोगों को राहत मिल सके। प्रदर्शन समाप्त होने के बाद सड़क जाम हटा लिया गया और यातायात सामान्य हुआ। हालांकि महिलाओं ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि जल्द समाधान नहीं हुआ तो वे फिर से आंदोलन का रास्ता अपनाएंगी। उन्होंने कहा कि आने वाले पंचायत और अन्य चुनावों में क्षेत्र की समस्याओं को प्रमुख मुद्दा बनाया जाएगा तथा जनप्रतिनिधियों से उनके कार्यों का हिसाब मांगा जाएगा।
























