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Jadugoda : झारखंड ओपन चेस टूर्नामेंट में यूसिल कर्मी की सात वर्षीय बेटी पीयूषा महतो ने हासिल किया चौथा स्थान

  • इस प्रतियोगिता में राज्यभर के 268 खिलाड़ियों ने लिया हिस्सा, अंडर-7 वर्ग में पीयूषा ने दिखाया शानदार प्रदर्शन
  • विकास कालिंदी बोले- शतरंज बच्चों में एकाग्रता और आत्मविश्वास बढ़ाने का बेहतर माध्यम

जेबी लाइव, रिपोर्टर

जादूगोड़ा : जमशेदपुर के जेआरडी कॉम्प्लेक्स में आयोजित सातवीं जेसीए झारखंड ओपन चेस टूर्नामेंट में यूसिल कर्मी रणबीर कुमार महतो की सात वर्षीय बेटी पीयूषा महतो ने शानदार प्रदर्शन करते हुए अंडर-7 कैटेगरी में चौथा स्थान हासिल किया। पीयूषा के इस प्रदर्शन से परिवार के साथ-साथ यूसिल और क्षेत्र का नाम भी गौरवान्वित हुआ है। वह तुरामडीह यूरेनियम प्रोजेक्ट में कार्यरत रणबीर कुमार महतो की पुत्री हैं। इस राज्यस्तरीय प्रतियोगिता में झारखंड के विभिन्न जिलों से कुल 268 शतरंज खिलाड़ियों ने हिस्सा लिया था। प्रतियोगिता के दौरान शतरंज की बिसात पर खिलाड़ियों के बीच रोमांचक मुकाबले देखने को मिले। पीयूषा ने अपनी सूझबूझ, एकाग्रता, धैर्य और दिमागी कौशल का परिचय देते हुए प्रतिद्वंद्वी खिलाड़ियों को कड़ी चुनौती दी और चौथा स्थान प्राप्त करने में सफलता हासिल की।

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सात साल की उम्र में पीयूषा ने दिखाई शतरंज की प्रतिभा, राज्यस्तरीय प्रतियोगिता में चौथा स्थान

पीयूषा महतो एटॉमिक एनर्जी सेंट्रल स्कूल, तुरामडीह में कक्षा दो की छात्रा हैं। उनकी इस उपलब्धि पर यूसिलकर्मी सह खेल प्रशिक्षक विकास कालिंदी ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि शतरंज बुद्धिमता और धैर्य का खेल है। यह केवल मनोरंजन का साधन नहीं, बल्कि बच्चों की मानसिक क्षमता, निर्णय लेने की शक्ति और एकाग्रता को विकसित करने का बेहतर माध्यम भी है। उन्होंने कहा कि प्रतियोगिता में विभिन्न आयु वर्ग के छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। पीयूषा ने अपनी बेहतरीन चालों और रणनीति से अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया।

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शतरंज से बच्चों का मानसिक विकास और निर्णय लेने की क्षमता होती है मजबूत

विकास कालिंदी ने कहा कि इस तरह की प्रतियोगिताओं का उद्देश्य बच्चों में खेल भावना, आत्मविश्वास और मानसिक विकास को बढ़ावा देना है। ऐसे आयोजनों से प्रतिभाशाली बच्चों को अपनी क्षमता दिखाने और आगे बढ़ने का अवसर मिलता है। उन्होंने कहा कि खेल के मैदान में सफलता के लिए केवल शारीरिक शक्ति ही नहीं, बल्कि मानसिक क्षमता भी महत्वपूर्ण होती है। शतरंज जैसे खेल बच्चों को सोचने, समझने और परिस्थितियों के अनुसार सही निर्णय लेने की सीख देते हैं। पीयूषा की उपलब्धि अन्य बच्चों के लिए भी प्रेरणादायक है।

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Chandil : चाण्डिल बार एसोसिएशन ने सांसद सह रक्षा राज्य मंत्री को सौंपा मांग पत्र, चार प्रमुख सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग

चाण्डिल में जेल भवन, ट्रेजरी, न्यायालय में स्टाम्प भंडार और बार एसोसिएशन के सामने पुस्तकालय निर्माण की उठाई मांग चाण्डिल

  • चाण्डिल में जेल भवन, ट्रेजरी, न्यायालय में स्टाम्प भंडार और बार एसोसिएशन के सामने पुस्तकालय निर्माण की उठाई मांग
  • चाण्डिल की चार समस्याओं के समाधान के लिए रक्षा राज्य मंत्री से हस्तक्षेप की अपील

जेबी लाइव, रिपोर्टर

चाण्डिल : चाण्डिल अनुमंडल बार एसोसिएशन ने क्षेत्र की प्रशासनिक एवं न्यायिक सुविधाओं से जुड़ी समस्याओं के समाधान को लेकर रांची के सांसद सह भारत सरकार के रक्षा राज्य मंत्री को मांग पत्र सौंपा है। एसोसिएशन ने जनहित से जुड़ी चार प्रमुख मांगों पर शीघ्र कार्रवाई करने का आग्रह किया है। मांग पत्र में बताया गया है कि 31 अगस्त 2003 को चाण्डिल अनुमंडल का गठन हुआ था। इसके बाद 23 जुलाई 2022 से चाण्डिल में सिविल न्यायालय भी कार्यरत है। बावजूद इसके, अनुमंडल क्षेत्र के आम नागरिकों, अधिवक्ताओं और न्यायिक कार्यों से जुड़े लोगों को जरूरी सुविधाओं के अभाव में परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

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चाण्डिल में प्रशासनिक और न्यायिक सुविधाओं की कमी, बार एसोसिएशन ने उठाई आवाज

बार एसोसिएशन ने अपने मांग पत्र में चार प्रमुख मांगें रखी हैं। इनमें पहली मांग चाण्डिल में जेल भवन का निर्माण कराने की है। दूसरी मांग चाण्डिल अनुमंडलीय न्यायालय में स्टाम्प भंडार की स्वीकृति देने के साथ सीएफ (C.F.) टिकट की व्यवस्था तत्काल सुनिश्चित कराने की है। तीसरी मांग अनुमंडल मुख्यालय में अविलंब ट्रेजरी (कोषागार) खोलने की है। वहीं, चौथी मांग चाण्डिल अनुमंडल बार एसोसिएशन भवन के सामने पुस्तकालय (लाइब्रेरी) का निर्माण कराने की है। एसोसिएशन का मानना है कि इन सुविधाओं के उपलब्ध होने से न्यायिक प्रक्रिया अधिक सुगम होगी तथा आम लोगों को छोटे-छोटे कार्यों के लिए दूसरे स्थानों पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा।

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जेल, ट्रेजरी और लाइब्रेरी निर्माण की मांग, न्यायालय में सीएफ टिकट उपलब्ध कराने पर जोर

बार एसोसिएशन ने सांसद सह रक्षा राज्य मंत्री से इन मांगों को गंभीरता से लेते हुए संबंधित विभागों के माध्यम से आवश्यक पहल करने का आग्रह किया है। एसोसिएशन ने कहा कि चाण्डिल अनुमंडल के गठन के वर्षों बाद भी जरूरी आधारभूत सुविधाओं का अभाव क्षेत्र के विकास और न्यायिक कार्यों को प्रभावित कर रहा है। इन मांगों के पूरा होने से अधिवक्ताओं के साथ-साथ क्षेत्र के आम नागरिकों को भी काफी सहूलियत मिलेगी। मांग पत्र सौंपने के दौरान अधिवक्ता मनोहर सिंह, चाण्डिल कोर्ट के टाइपिस्ट समीर कुमार महतो सहित अन्य लोग उपस्थित थे।

Manoharpur : कोयना नदी पर पुल निर्माण का सांसद जोबा मांझी ने किया शिलान्यास, दर्जनों गांवों को मिलेगी आवागमन में राहत

डिम्बुली पंचायत के कुमारबेड़ा एवं डुकूडी नदी घाट पर बनेगा पुल बरसात में आवागमन की समस्या से ग्रामीणों को मिलेगी

  • डिम्बुली पंचायत के कुमारबेड़ा एवं डुकूडी नदी घाट पर बनेगा पुल
  • बरसात में आवागमन की समस्या से ग्रामीणों को मिलेगी मुक्ति
  • कोयना नदी पर पुल निर्माण से क्षेत्र के विकास को मिलेगी नई रफ्तार

जेबी लाइव, रिपोर्टर

मनोहरपुर : पश्चिमी सिंहभूम जिले के मनोहरपुर प्रखंड अंतर्गत डिम्बुली पंचायत में कोयना नदी के कुमारबेड़ा एवं डुकूडी नदी घाट पर पुल निर्माण कार्य का शिलान्यास गुरुवार को सिंहभूम की सांसद जोबा मांझी ने विधिवत रूप से किया। सांसद ने नारियल फोड़कर तथा शिलापट्ट का अनावरण कर निर्माण कार्य की आधारशिला रखी। शिलान्यास कार्यक्रम के बाद क्षेत्र के ग्रामीणों में खुशी की लहर दौड़ गई। इस अवसर पर सांसद जोबा मांझी ने कहा कि इन नदी घाटों पर पुल निर्माण क्षेत्र के ग्रामीणों की वर्षों पुरानी मांग थी। बरसात के मौसम में कोयना नदी का जलस्तर बढ़ जाने के कारण आवागमन पूरी तरह बाधित हो जाता था। इससे डिम्बुली पंचायत सहित आसपास के दर्जनों गांवों के लोगों को काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था। पुल निर्माण पूरा होने के बाद ग्रामीणों को सालोंभर आवागमन की बेहतर सुविधा उपलब्ध होगी।

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वर्षों पुरानी मांग पूरी होने की उम्मीद, पुल बनने से ग्रामीणों को मिलेगी बड़ी राहत

सांसद ने कहा कि पुल का निर्माण होने से ग्रामीणों की दैनिक जिंदगी में सकारात्मक बदलाव आएगा। किसानों को अपनी कृषि उपज बाजार और मंडियों तक पहुंचाने में सहूलियत होगी। वहीं, स्कूली बच्चों को पढ़ाई के लिए आवागमन करने तथा गंभीर रूप से बीमार मरीजों को अस्पताल पहुंचाने में होने वाली परेशानियां भी दूर होंगी। उन्होंने कहा कि झारखंड सरकार ग्रामीण क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाओं का विस्तार करने और विकास कार्यों को धरातल पर उतारने के लिए प्रतिबद्ध है। पुल निर्माण कार्य में किसी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए। उन्होंने संबंधित संवेदक एवं अधिकारियों को निर्माण कार्य गुणवत्तापूर्ण तरीके से निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरा करने की बात कही। साथ ही स्थानीय ग्रामीणों से निर्माण कार्य में सहयोग करने की अपील की, ताकि परियोजना समय पर पूरी हो सके।

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किसानों, विद्यार्थियों और मरीजों को होगा फायदा, सांसद ने गुणवत्ता के साथ निर्माण पूरा करने का दिया निर्देश

पुल निर्माण की आधारशिला रखे जाने पर ग्रामीणों ने सांसद जोबा मांझी के प्रति आभार जताया। ग्रामीणों ने कहा कि लंबे समय से नदी घाट पर पुल नहीं होने के कारण उन्हें आवागमन में परेशानी उठानी पड़ रही थी। खासकर बरसात के दिनों में गांवों का संपर्क अन्य क्षेत्रों से कट जाता था। पुल बनने से न केवल आवागमन की समस्या दूर होगी, बल्कि क्षेत्र के सामाजिक और आर्थिक विकास को भी नई गति मिलेगी। कार्यक्रम में संवेदक बसंत हरलालका, बंधना उरांव, वशिष्ठ यादव, मुकेश रजक, अजहर अली, विट्टू महतो, ग्राम मुंडा अशोक महतो, अखिलेन्द्र नायक सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण, जनप्रतिनिधि एवं अन्य लोग उपस्थित थे। कार्यक्रम का आयोजन संवेदक सह कार्यपालक अभियंता, राष्ट्रीय ग्रामीण नियोजन कार्यक्रम, पश्चिमी सिंहभूम, चाईबासा की ओर से किया गया।

Gua : गुजरात में भटककर पहुंची नोवामुंडी की 60 वर्षीय महिला, परिजनों की तलाश में जुटा जनरल जस्टिस सेंटर

रीना गोप बता रही हैं अपना घर नोवामुंडी, पुलिस से मांगी मदद पहचान और परिवार का पता लगाने में जुटी

  • रीना गोप बता रही हैं अपना घर नोवामुंडी, पुलिस से मांगी मदद
  • पहचान और परिवार का पता लगाने में जुटी बड़ाजामदा जनरल जस्टिस सेंटर की टीम
  • रीना गोप के परिवार की जानकारी देने की अपील, पुलिस से भी मांगा सहयोग

जेबी लाइव, रिपोर्टर

गुवा : पश्चिमी सिंहभूम जिले के नोवामुंडी की रहने वाली बताई जा रही 60 वर्षीय वृद्ध महिला रीना गोप भटककर गुजरात पहुंच गई हैं। महिला की पहचान और उनके परिजनों का पता लगाने के लिए बड़ाजामदा स्थित जनरल जस्टिस सेंटर की महिलाएं लगातार प्रयास कर रही हैं। जानकारी के अनुसार, गुजरात में स्थानीय लोगों को महिला के भटकने की जानकारी मिली तो उन्होंने चाईबासा वन स्टॉप सेंटर से संपर्क किया। इसके बाद चाईबासा वन स्टॉप सेंटर की ओर से बड़ाजामदा जनरल जस्टिस सेंटर को इसकी सूचना दी गई। महिला अपना नाम रीना गोप बता रही हैं और अपने घर का पता नोवामुंडी बता रही हैं। सूचना मिलने के बाद सेंटर की महिलाओं ने उनकी पहचान सुनिश्चित करने और परिवार के सदस्यों का पता लगाने के लिए खोजबीन शुरू की।

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गुजरात में मिली वृद्ध महिला, नोवामुंडी में परिजनों की तलाश तेज

काफी प्रयासों के बावजूद अब तक महिला के परिवार का पता नहीं चल पाया है। इसके बाद बड़ाजामदा जनरल जस्टिस सेंटर की ओर से बड़ाजामदा थाना में लिखित शिकायत दर्ज कराई गई है। सेंटर की महिलाओं ने पुलिस से महिला के परिजनों की पहचान करने और उन्हें परिवार से मिलाने में सहयोग करने की अपील की है। साथ ही आम लोगों से भी मदद मांगी गई है। अपील की गई है कि यदि कोई व्यक्ति रीना गोप को पहचानता है अथवा उनके परिवार के बारे में कोई जानकारी रखता है, तो तत्काल बड़ाजामदा थाना या संबंधित जनरल जस्टिस सेंटर से संपर्क करें। लोगों के सहयोग से बेसहारा भटक रही वृद्ध महिला को उनके परिवार तक पहुंचाने में मदद मिल सकती है।

Seraikela : त्योहारों से पहले खाद्य सुरक्षा विभाग की छापेमारी, गम्हरिया की दुकानों से लिए गए खाद्य पदार्थों के नमूने

केक एंड को गिफ्ट सेंटर में खाद्य लाइसेंस नहीं मिलने पर सात दिनों की मोहलत धनुका मार्ट, श्याम स्वीट्स और

  • केक एंड को गिफ्ट सेंटर में खाद्य लाइसेंस नहीं मिलने पर सात दिनों की मोहलत
  • धनुका मार्ट, श्याम स्वीट्स और बंगाल स्वीट्स के उत्पाद जांच के लिए भेजे गए
  • मिलावट पर रोक लगाने के लिए जिलेभर में जारी रहेगा खाद्य सुरक्षा विभाग का अभियान

जेबी लाइव, रिपोर्टर

गम्हरिया : आगामी त्योहारों के मद्देनजर आम लोगों को सुरक्षित, स्वच्छ और गुणवत्तापूर्ण खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराने तथा मिलावट पर रोक लगाने के लिए जिला प्रशासन ने विशेष अभियान शुरू किया है। उपायुक्त के निर्देशानुसार खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने गम्हरिया एवं छोटा गम्हरिया क्षेत्र में विभिन्न खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया। अभियान के दौरान धनुका मार्ट, केक एंड को गिफ्ट सेंटर (बेकरी शॉप), महामाया भोजनालय, बंगाल स्वीट्स और श्याम स्वीट्स सहित कई प्रतिष्ठानों की जांच की गई। टीम ने दुकानों में उपलब्ध खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता, भंडारण व्यवस्था, साफ-सफाई, सैनिटेशन तथा खाद्य सुरक्षा मानकों के अनुपालन की स्थिति का जायजा लिया। निरीक्षण का मुख्य उद्देश्य त्योहारों के दौरान खाद्य पदार्थों की बढ़ती मांग के बीच उपभोक्ताओं को मिलावट रहित और सुरक्षित खाद्य सामग्री उपलब्ध कराना है।

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गम्हरिया में खाद्य दुकानों की जांच, त्योहारों से पहले प्रशासन ने बढ़ाई सतर्कता

निरीक्षण के दौरान केक एंड को गिफ्ट सेंटर स्थित बेकरी दुकान में खाद्य कारोबार संचालन के लिए आवश्यक खाद्य लाइसेंस उपलब्ध नहीं पाया गया। इस पर विभागीय टीम ने प्रतिष्ठान संचालक को चेतावनी देते हुए सात दिनों के भीतर खाद्य लाइसेंस प्राप्त करने के लिए आवेदन करने का निर्देश दिया। साथ ही निर्धारित नियमों के अनुरूप ही खाद्य कारोबार संचालित करने की हिदायत दी गई। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि खाद्य कारोबार के लिए आवश्यक लाइसेंस और निर्धारित मानकों का पालन करना अनिवार्य है। बिना जरूरी अनुमति के खाद्य कारोबार संचालित करना नियमों का उल्लंघन है। विभाग ने संबंधित संचालक को निर्धारित समय सीमा के भीतर आवश्यक प्रक्रिया पूरी करने को कहा है।

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बेकरी दुकान में नहीं मिला खाद्य लाइसेंस, संचालक को सात दिनों में आवेदन का निर्देश

अभियान के दौरान धनुका मार्ट से दो खाद्य उत्पादों के विधिक नमूने (लीगल सैंपल) संग्रहित किए गए। इन नमूनों को निर्धारित प्रक्रिया के तहत खाद्य विश्लेषण प्रयोगशाला में जांच के लिए भेजा गया है। वहीं, श्याम स्वीट्स से पनीर और बंगाल स्वीट्स से मिल्क केक के निगरानी नमूने (सर्विलांस सैंपल) भी लिए गए। विभाग के अनुसार, सभी नमूनों की जांच रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। प्रयोगशाला जांच से खाद्य उत्पादों की गुणवत्ता और निर्धारित मानकों के अनुरूप होने की स्थिति स्पष्ट होगी।

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धनुका मार्ट से दो विधिक नमूने संग्रहित, पनीर और मिल्क केक भी जांच के लिए भेजे गए

निरीक्षण के दौरान खाद्य कारोबारियों को प्रतिष्ठानों में साफ-सफाई और सैनिटेशन की समुचित व्यवस्था बनाए रखने का निर्देश दिया गया। खाद्य पदार्थों को सुरक्षित एवं उचित तरीके से भंडारित करने, निर्माण और बिक्री के दौरान व्यक्तिगत स्वच्छता का ध्यान रखने तथा खाद्य सामग्री को धूल, गंदगी, कीट और अन्य बाहरी संदूषण से बचाने की हिदायत दी गई। अधिकारियों ने दुकानदारों से खाद्य पदार्थों को हमेशा ढककर रखने और स्वच्छ वातावरण में बिक्री करने को कहा। साथ ही त्योहारों के दौरान खाद्य सामग्री की बढ़ती मांग को देखते हुए निर्माण, भंडारण और बिक्री के प्रत्येक चरण में विशेष सावधानी बरतने का निर्देश दिया गया।

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खाद्य कारोबारियों को स्वच्छता और सुरक्षित भंडारण के निर्देश, नियमों के पालन पर जोर

खाद्य सुरक्षा विभाग ने सभी संबंधित प्रतिष्ठानों को खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 तथा इसके तहत निर्धारित नियमों और विनियमों का अनिवार्य रूप से पालन करने को कहा है। उपायुक्त के निर्देशानुसार जिले के विभिन्न क्षेत्रों में विशेष निरीक्षण और नमूना संग्रहण अभियान आगे भी जारी रहेगा। विभाग ने स्पष्ट किया है कि खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता से समझौता करने, मिलावट करने अथवा खाद्य सुरक्षा मानकों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन का उद्देश्य त्योहारों के दौरान आम नागरिकों के स्वास्थ्य की रक्षा करना और बाजार में सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री की उपलब्धता सुनिश्चित करना है।

Seraikela : नीमडीह में अवैध खनिज परिवहन पर प्रशासन की कार्रवाई, 700 सीएफटी स्टोन चिप्स लदा हाईवा जब्त

सीओ और खनन विभाग की संयुक्त छापेमारी में पकड़ा गया वाहन परिवहन से संबंधित कागजात नहीं दिखाने पर हुई कार्रवाई

  • सीओ और खनन विभाग की संयुक्त छापेमारी में पकड़ा गया वाहन
  • परिवहन से संबंधित कागजात नहीं दिखाने पर हुई कार्रवाई
  • अवैध खनन और खनिज भंडारण पर प्रशासन सख्त, नियमित जांच अभियान जारी

जेबी लाइव, रिपोर्टर

नीमडीह : जिले में अवैध खनन और खनिजों के अवैध परिवहन पर रोक लगाने के लिए जिला प्रशासन का छापेमारी अभियान लगातार जारी है। इसी क्रम में बुधवार को नीमडीह अंचल अधिकारी अभय कुमार द्विवेदी और खनन विभाग की संयुक्त टीम ने छापेमारी अभियान चलाया। इस दौरान 700 सीएफटी से अधिक स्टोन चिप्स लदा एक हाईवा पकड़ा गया। जांच के दौरान वाहन चालक खनिज परिवहन से संबंधित आवश्यक दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका। इसके बाद संयुक्त टीम ने हाईवा को जब्त कर लिया। प्रशासन की ओर से वाहन के विरुद्ध नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जा रही है। इस कार्रवाई से अवैध रूप से खनिजों का परिवहन करने वालों में हड़कंप मचा है। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि खनिज परिवहन से जुड़े नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

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नीमडीह में संयुक्त टीम की छापेमारी, बिना कागजात के स्टोन चिप्स ले जा रहा हाईवा जब्त

जिला प्रशासन के अनुसार, जिले में अवैध खनन, खनिजों के अवैध परिवहन और अवैध भंडारण पर प्रभावी रोक लगाने के लिए नियमित रूप से जांच एवं छापेमारी अभियान चलाया जा रहा है। प्रशासनिक टीम विभिन्न क्षेत्रों में वाहनों और खनिजों के परिवहन से संबंधित दस्तावेजों की जांच कर रही है। अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि इस तरह की गतिविधियों में संलिप्त पाए जाने वाले व्यक्तियों और वाहन मालिकों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। प्रशासन ने कहा है कि प्राकृतिक संसाधनों के अवैध दोहन और राजस्व की क्षति रोकने के उद्देश्य से यह अभियान आगे भी निरंतर जारी रहेगा।

Manoharpur : मनोहरपुर-आनंदपुर मुख्य मार्ग पर बाइक-स्कूटी में जोरदार टक्कर, दो युवक गंभीर घायल

लक्ष्मीपुर गांव के समीप तेज रफ्तार में हुआ हादसा, दो अन्य को आईं हल्की चोटें पुलिस ने दोनों वाहन जब्त

  • लक्ष्मीपुर गांव के समीप तेज रफ्तार में हुआ हादसा, दो अन्य को आईं हल्की चोटें
  • पुलिस ने दोनों वाहन जब्त कर शुरू की जांच
  • मनोहरपुर पुलिस ने जब्त किए दुर्घटनाग्रस्त वाहन, हादसे की जांच शुरू

जेबी लाइव, रिपोर्टर

मनोहरपुर : मनोहरपुर-आनंदपुर मुख्य मार्ग पर बुधवार देर शाम लक्ष्मीपुर गांव के समीप बाइक और स्कूटी के बीच जोरदार टक्कर हो गई। हादसे में बाइक सवार 40 वर्षीय राजू सिंह और स्कूटी सवार 17 वर्षीय रविन्द्र सिंह गंभीर रूप से घायल हो गए, जबकि स्कूटी पर सवार दो अन्य युवकों को भी चोटें आईं। जानकारी के अनुसार, आनंदपुर थाना क्षेत्र के बेड़तुलुंडा गांव निवासी राजू सिंह बाइक संख्या JH 06 T 3771 से मनोहरपुर से अपने घर लौट रहे थे। वहीं, मनोहरपुर थाना क्षेत्र के तुमसाई निवासी आईटीआई छात्र रविन्द्र सिंह, चक्रधरपुर के पम्पूसाई टोकाटोली निवासी 18 वर्षीय कुंवर सिंह और 19 वर्षीय अमित टूटी स्कूटी संख्या JH 06 T 3164 से रायकेरा स्थित आईटीआई सेंटर से तुमसाई जा रहे थे। इसी दौरान लक्ष्मीपुर के पास दोनों वाहनों में टक्कर हो गई।

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लक्ष्मीपुर के पास आमने-सामने भिड़े दो वाहन, चार युवक हुए घायल

हादसे के बाद घटनास्थल पर अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों ने तत्परता दिखाते हुए सभी घायलों को मनोहरपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया, जहां चिकित्सकों ने उनका प्राथमिक उपचार किया। राजू सिंह की गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें बेहतर इलाज के लिए रेफर कर दिया गया। वहीं, स्कूटी पर सवार तीनों छात्रों का उपचार करने के बाद चिकित्सकों ने उन्हें छुट्टी दे दी। घटना की खबर मिलते ही आसपास के लोगों की भीड़ जुट गई और घायलों की मदद के लिए स्थानीय लोग आगे आए।

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सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में घायलों का उपचार, गंभीर बाइक सवार रेफर

सूचना मिलने पर मनोहरपुर पुलिस भी मौके पर पहुंची और दुर्घटनाग्रस्त बाइक तथा स्कूटी को जब्त कर लिया। पुलिस हादसे के कारणों की जांच कर रही है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, स्कूटी अनियंत्रित होकर विपरीत दिशा से आ रही बाइक से टकराई थी। हालांकि, दुर्घटना की वास्तविक वजह जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी। मुख्य मार्ग पर हुए इस हादसे के बाद स्थानीय लोगों ने वाहन चालकों से सावधानी बरतने और तेज रफ्तार से वाहन नहीं चलाने की अपील की है।

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