दिसंबर 2028 तक पुनर्विकास पूरा करने का लक्ष्य, वंदे भारत डिपो और थर्ड लाइन योजना की भी समीक्षा
जेबी लाइव, रिपोर्टर
जमशेदपुर : दक्षिण पूर्व रेलवे के एजीएम (उप महाप्रबंधक) मनीष जैन सोमवार को टाटानगर रेलवे स्टेशन पहुंचे और स्टेशन के विभिन्न हिस्सों का निरीक्षण कर चल रहे विकास कार्यों एवं यात्री सुविधाओं की प्रगति का जायजा लिया। उनके साथ चक्रधरपुर रेल मंडल के डीआरएम तरुण हुरिया समेत रेलवे के कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। एजीएम ने स्टेशन के मुख्य परिसर के साथ सेकंड एंट्री की ओर स्थित स्टेशन परिसर का भी निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने निर्माण कार्य, यात्री सुविधाओं, परिचालन व्यवस्था और प्रस्तावित योजनाओं की जानकारी अधिकारियों से ली। उन्होंने अधिकारियों से निर्माण कार्य के दौरान यात्रियों को होने वाली संभावित परेशानियों को कम करने और व्यवस्थाओं को बेहतर बनाए रखने के संबंध में भी जानकारी ली।
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टाटानगर स्टेशन के दोनों परिसरों का अधिकारियों ने किया निरीक्षण
निरीक्षण के दौरान टाटानगर रेलवे स्टेशन के पुनर्विकास कार्य की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई। रेलवे ने स्टेशन के पुनर्विकास का काम दिसंबर 2028 तक पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित किया है। अधिकारियों ने एजीएम को अब तक पूरे किए गए कार्यों, निर्माण की वर्तमान स्थिति और आगामी चरणों की जानकारी दी। मनीष जैन ने निर्माण कार्यों में गुणवत्ता के साथ निर्धारित समय-सीमा का पालन सुनिश्चित करने पर जोर दिया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि निर्माण कार्य योजनाबद्ध तरीके से आगे बढ़ाया जाए और इस दौरान यात्रियों की सुविधा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए। उन्होंने निर्माण स्थल पर सुरक्षा व्यवस्था और यात्री आवागमन को सुचारु बनाए रखने पर भी विशेष ध्यान देने की बात कही।
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दिसंबर 2028 तक स्टेशन पुनर्विकास पूरा करने का लक्ष्य
दौरे के दौरान टाटानगर में प्रस्तावित वंदे भारत कोचिंग डिपो की योजना की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों ने डिपो से संबंधित तैयारियों, योजना की वर्तमान स्थिति और आगे की कार्ययोजना से एजीएम को अवगत कराया। इसके अलावा टाटानगर-आदित्यपुर के बीच प्रस्तावित थर्ड रेल लाइन को लेकर भी अधिकारियों के साथ चर्चा हुई। इस परियोजना को आगे बढ़ाने के लिए आवश्यक तैयारियों और प्रक्रियाओं की जानकारी ली गई। बैठक में रेलवे की अन्य विकास योजनाओं की भी समीक्षा की गई। वहीं दिसंबर 2026 तक खड़गपुर, आगरा और रांची डिवीजन में एनआई (नॉन-इंटरलॉकिंग) से संबंधित कार्यों को पूरा करने के लक्ष्य पर भी चर्चा हुई। एजीएम ने सभी परियोजनाओं को निर्धारित प्रक्रिया और समयसीमा के अनुरूप आगे बढ़ाने पर जोर दिया।
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वंदे भारत डिपो और टाटानगर-आदित्यपुर थर्ड लाइन पर मंथन
एजीएम के टाटानगर स्टेशन निरीक्षण के दौरान सिख समाज के प्रतिनिधिमंडल ने भी उनसे मुलाकात की। प्रतिनिधिमंडल ने टाटानगर से अमृतसर के बीच चलने वाली जलियांवाला बाग एक्सप्रेस को सप्ताह में तीन दिन के बजाय प्रतिदिन चलाने की मांग को लेकर ज्ञापन सौंपा। प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि ट्रेन का दैनिक परिचालन शुरू होने से जमशेदपुर और कोल्हान क्षेत्र के यात्रियों को अमृतसर समेत पंजाब के विभिन्न शहरों की यात्रा में काफी सुविधा मिलेगी। प्रतिनिधिमंडल ने बताया कि रोजगार, व्यापार, शिक्षा, चिकित्सा और पारिवारिक कारणों से बड़ी संख्या में लोग पंजाब की यात्रा करते हैं। इस पर एजीएम मनीष जैन ने स्पष्ट किया कि जलियांवाला बाग एक्सप्रेस की परिचालन आवृत्ति बढ़ाने का निर्णय रेलवे बोर्ड के स्तर पर लिया जाता है। उन्होंने प्रतिनिधिमंडल की मांग और संबंधित जानकारी रेलवे बोर्ड तक पहुंचाने का आश्वासन दिया।
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जलियांवाला बाग एक्सप्रेस को रोजाना चलाने की मांग पर मिला आश्वासन
पत्रकारों से बातचीत में एजीएम मनीष जैन ने कहा कि टाटानगर स्टेशन से जुड़े विभिन्न पहलुओं का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं की वास्तविक स्थिति को समझा जा रहा है। रेलवे की सभी योजनाएं निर्धारित सिस्टम और नियमों के अनुसार आगे बढ़ाई जा रही हैं। उन्होंने कहा कि निरीक्षण का मुख्य उद्देश्य रेलवे की व्यवस्थाओं को और बेहतर बनाना है, ताकि यात्रियों को अधिक सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकें और रेलवे के हितों का भी ध्यान रखा जा सके। उन्होंने अधिकारियों को विकास कार्यों में गुणवत्ता, समयबद्धता और यात्री सुविधाओं को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। एजीएम के दौरे को टाटानगर स्टेशन के पुनर्विकास, यात्री सुविधाओं के विस्तार, वंदे भारत कोचिंग डिपो और भविष्य की महत्वपूर्ण रेल परियोजनाओं के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।























