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Jamshedpur : टाटा स्टील ने उत्साह के साथ मनाया अंतरराष्ट्रीय नर्स दिवस, नर्सों के योगदान को किया सम्मानित

  • टाटा मेन हॉस्पिटल द्वारा आयोजित समारोह में नर्सिंग पेशे की सेवा भावना और समर्पण को मिली सराहना

जेबी लाइव, रिपोर्टर

जमशेदपुर : जमशेदपुर में Tata Steel के टाटा मेन हॉस्पिटल द्वारा सोनारी स्थित बिंदल मॉल में अंतरराष्ट्रीय नर्स दिवस 2026 बड़े उत्साह और गरिमामय वातावरण में मनाया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य नर्सों की समर्पण भावना, संवेदनशीलता और स्वास्थ्य सेवाओं में उनके अमूल्य योगदान को सम्मानित करना था। इस वर्ष कार्यक्रम की थीम “हमारी नर्सें, हमारा भविष्य – सशक्त नर्सें स्वस्थ भविष्य की नींव हैं” रखी गई थी। समारोह की शुरुआत सुरक्षा घोषणा और आकर्षक उद्घाटन नृत्य प्रस्तुति के साथ हुई, जिसने पूरे माहौल को उत्साह से भर दिया। स्वागत संबोधन नर्सिंग हेड अनंतवर्षेणी द्वारा प्रस्तुत किया गया, जिसमें नर्सों की भूमिका और सेवा भावना को रेखांकित किया गया।

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दीप प्रज्वलन और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने बांधा समां

कार्यक्रम में मुख्य अतिथि अक्षय खुल्लर, वाइस प्रेसिडेंट – इंजीनियरिंग एंड प्रोजेक्ट्स, डॉ. विनीता सिंह, जीएमएमएस तथा टाटा वर्कर्स यूनियन के जेनरल सेक्रेटरी सतीश कुमार सिंह सहित कई गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे। अतिथियों ने दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया, जो सेवा, आशा और नर्सिंग पेशे के प्रति समर्पण का प्रतीक बना। अपने संबोधन में अतिथियों ने नर्सिंग समुदाय की अथक मेहनत, समर्पण और करुणा की सराहना की। इस अवसर पर लोक नृत्य, शास्त्रीय नृत्य, समूह नृत्य, नाटक, गीत एवं काव्य प्रस्तुति जैसे विविध सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए गए, जिन्होंने नर्सिंग स्टाफ और विद्यार्थियों की रचनात्मकता एवं सांस्कृतिक विविधता को प्रदर्शित किया।

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नर्सों के सशक्तिकरण और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवा पर जोर

समारोह के दौरान मरीजों को सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवा उपलब्ध कराने के लिए नर्सों के निरंतर प्रशिक्षण, टीमवर्क, व्यावसायिक विकास और सहयोगात्मक कार्य वातावरण के महत्व पर विशेष चर्चा की गई। वक्ताओं ने कहा कि सशक्त नर्सें ही बेहतर और स्वस्थ समाज की मजबूत आधारशिला हैं। कार्यक्रम का समापन धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ, जिसमें आयोजन समिति, प्रबंधन, प्रतिभागियों और सभी नर्सिंग पेशेवरों के प्रति आभार व्यक्त किया गया। यह आयोजन नर्सिंग पेशे की दृढ़ता, सेवा भावना और मानवता के प्रति समर्पण का प्रेरणादायी उदाहरण बनकर सामने आया।

Baharagoda : मानुषमुड़िया में झारखंड आंदोलनकारी सुरेंद्र नाथ हांसदा को श्रद्धांजलि

जाहेरगढ़ में आयोजित सभा में लोगों ने किया नमन, स्मृति में प्रतिमा स्थापित करने का लिया निर्णय संघर्ष और योगदान

  • जाहेरगढ़ में आयोजित सभा में लोगों ने किया नमन, स्मृति में प्रतिमा स्थापित करने का लिया निर्णय
  • संघर्ष और योगदान को किया गया याद

जेबी लाइव, रिपोर्टर

बहरागोड़ा : बहरागोड़ा प्रखंड अंतर्गत मानुषमुड़िया जाहेरगढ़ में रविवार को झारखंड आंदोलनकारी स्वर्गीय सुरेंद्र नाथ हांसदा की स्मृति में श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता मुखिया विधान चंद्र मंडी ने की। सभा में उपस्थित लोगों ने स्वर्गीय हांसदा के चित्र पर माल्यार्पण एवं पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें श्रद्धासुमन अर्पित किए। इसके बाद दो मिनट का मौन रखकर उनकी आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की गई। वक्ताओं ने झारखंड आंदोलन में उनके योगदान, संघर्ष और सामाजिक सरोकारों के प्रति उनकी प्रतिबद्धता को याद करते हुए कहा कि उन्होंने क्षेत्र और राज्य के विकास के लिए महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। उनके कार्य और विचार आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करते रहेंगे।

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जाहेरगढ़ में स्थापित होगी भव्य प्रतिमा

सभा के दौरान वक्ताओं ने बताया कि स्वर्गीय सुरेंद्र नाथ हांसदा जाहेरगढ़ के संरक्षक भी थे और इस पवित्र स्थल के विकास में उनकी अहम भूमिका रही थी। उनकी स्मृति को चिरस्थायी बनाने के उद्देश्य से जाहेरगढ़ परिसर में उनकी भव्य प्रतिमा स्थापित करने का निर्णय लिया गया। इस अवसर पर उनकी पत्नी मालती हांसदा सहित सागेन हांसदा, शाम मुर्मू, आदित्य प्रधान, स्वपन महतो, राम मुर्मू, हरिशंकर महतो, दानगी सोरेन, मंजू टुडू, सीलु मुर्मू, मंडल हेंब्रम और दीपक सोरेन समेत कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। सभी ने उनके अधूरे सपनों को आगे बढ़ाने का संकल्प भी लिया।

Jamshedpur : जमशेदपुर महिला विश्वविद्यालय ने तीन शोधार्थियों को प्रदान की पीएच.डी. उपाधि

हिंदी और अंग्रेज़ी विषयों में शोध कार्य पूर्ण करने पर मिली उपाधि, कुलपति ने दी शुभकामनाएं तीन शोधार्थियों की मेहनत

  • हिंदी और अंग्रेज़ी विषयों में शोध कार्य पूर्ण करने पर मिली उपाधि, कुलपति ने दी शुभकामनाएं
  • तीन शोधार्थियों की मेहनत को मिली अकादमिक पहचान

जेबी लाइव, रिपोर्टर

जमशेदपुर : जमशेदपुर महिला विश्वविद्यालय ने शोध और उच्च शिक्षा के क्षेत्र में एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल करते हुए तीन शोधार्थियों को डॉक्टर ऑफ फिलॉसफी (पीएच.डी.) की उपाधि प्रदान की है। विश्वविद्यालय द्वारा यह उपाधि मौखिकी परीक्षा (वाइवा वॉयस) के सफल समापन और शोध-प्रबंधों को स्वीकृति मिलने के बाद प्रदान की गई। हिंदी विभाग की शोधार्थी शशिबाला बागे को “झारखंड के हिंदी कथा साहित्य का स्त्री-स्वर : संवेदना और चुनौतियाँ” विषय पर किए गए शोध के लिए पीएच.डी. प्रदान की गई। उनके शोध निर्देशक डॉ. अविनाश कुमार सिंह रहे। वहीं अंग्रेज़ी विभाग की मम्पी अधिकारी को “Ecriture Feminine in Select Indian Writings in English” विषय पर शोध के लिए पीएच.डी. उपाधि मिली, जिनकी शोध निर्देशक डॉ. मनीषा टाइटस थीं।

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हिंदी के शोध कार्य को भी मिली मान्यता

विश्वविद्यालय ने हिंदी विभाग की शोधार्थी कल्पना कुमारी को भी पीएच.डी. उपाधि प्रदान की। उनका शोध विषय “राजभाषा हिन्दी के विकास में सरकारी उपक्रमों एवं निकायों का योगदान (झारखंड के कोल्हान क्षेत्र के विशेष संदर्भ में)” रहा। इस शोध कार्य का निर्देशन डॉ. नूपुर अन्विता मिंज ने किया। विश्वविद्यालय प्रशासन के अनुसार यह इस वर्ष प्रदान की गई चौथी पीएच.डी. उपाधि है। इससे पूर्व गृह विज्ञान विभाग की एक शोधार्थी को भी पीएच.डी. उपाधि प्रदान की जा चुकी है। विश्वविद्यालय लगातार शोध गतिविधियों को प्रोत्साहित कर रहा है, जिससे अकादमिक वातावरण और अधिक सशक्त हो रहा है।

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शोध संस्कृति को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण उपलब्धि

इस अवसर पर कुलपति प्रो. (डॉ.) एला कुमार ने सभी शोधार्थियों और उनके शोध निर्देशकों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि प्रत्येक पीएच.डी. उपाधि विश्वविद्यालय की सुदृढ़ होती शोध-संस्कृति और शैक्षणिक उत्कृष्टता के प्रति प्रतिबद्धता का प्रमाण है। उन्होंने विश्वास जताया कि शोधार्थियों का कार्य अपने-अपने विषयों में महत्वपूर्ण योगदान देगा और भविष्य के शोधकर्ताओं को प्रेरित करेगा। कुलपति ने परीक्षा नियंत्रक डॉ. रमा सुब्रमण्यम और उनकी टीम की भी सराहना की, जिन्होंने मूल्यांकन एवं परीक्षा प्रक्रिया को समयबद्ध और सुचारु रूप से संपन्न कराया। विश्वविद्यालय ने सभी नवोपाधि प्राप्त शोधार्थियों को उनके उज्ज्वल शैक्षणिक एवं व्यावसायिक भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं।

Jamshedpur : तीजनबाई के निधन पर विधायक सरयू राय ने जताया शोक

पंडवानी गायन की महान हस्ती के निधन को कला जगत की अपूरणीय क्षति बताया पंडवानी को वैश्विक पहचान दिलाने में

  • पंडवानी गायन की महान हस्ती के निधन को कला जगत की अपूरणीय क्षति बताया
  • पंडवानी को वैश्विक पहचान दिलाने में रही अहम भूमिका

जेबी लाइव, रिपोर्टर

जमशेदपुर : ख्यातिलब्ध पंडवानी गायिका तीजन बाई के निधन पर जमशेदपुर पश्चिम के विधायक सरयू राय ने गहरा शोक व्यक्त किया है। अपने शोक संदेश में उन्होंने कहा कि तीजनबाई ने पंडवानी गायिकी को देश-दुनिया में नई पहचान और लोकप्रियता दिलाई। उन्होंने वर्षों की साधना और समर्पण से इस लोककला को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया तथा अनेक कलाकारों को प्रशिक्षित कर इस परंपरा को आगे बढ़ाने का कार्य किया। आज भी उनके शिष्य और अनुयायी पंडवानी गायन के माध्यम से इस विरासत को जीवित रखे हुए हैं।

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कला जगत में कभी न भरने वाला शून्य

सरयू राय ने कहा कि वर्ष 2022 में रांची में आयोजित पर्यावरण मेले में तीजनबाई की प्रस्तुति ने लोगों के मन पर गहरी छाप छोड़ी थी। उनकी कला, शैली और प्रस्तुति अद्वितीय थी। उन्होंने कहा कि तीजनबाई के निधन से पंडवानी गायन की दुनिया में एक बड़ा शून्य उत्पन्न हो गया है, जिसकी भरपाई संभव नहीं है। उल्लेखनीय है कि उन्हें वर्ष 1995 में प्रतिष्ठित संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार से सम्मानित किया गया था। उनके निधन पर कला एवं सांस्कृतिक जगत में शोक की लहर है।

Jamshedpur : नवयुग दल एवं प्रज्ञा महिला मंडल की गोष्ठी में सेवा कार्यों की बनी रूपरेखा

गुरु पूर्णिमा, रक्तदान शिविर और वृक्षारोपण अभियान के सफल आयोजन को लेकर हुई विस्तृत चर्चा आगामी कार्यक्रमों की तैयारियों पर

  • गुरु पूर्णिमा, रक्तदान शिविर और वृक्षारोपण अभियान के सफल आयोजन को लेकर हुई विस्तृत चर्चा
  • आगामी कार्यक्रमों की तैयारियों पर हुआ मंथन

जेबी लाइव, रिपोर्टर

जमशेदपुर : जमशेदपुर के भालूबासा स्थित गायत्री ज्ञान मंदिर में नवयुग दल एवं प्रज्ञा महिला मंडल, टाटानगर की एक विशेष गोष्ठी झारखंड प्रांत के समन्वयक संतोष कुमार राय की अध्यक्षता में आयोजित की गई। बैठक में संगठन के आगामी सेवा एवं सामाजिक कार्यक्रमों की रूपरेखा पर विस्तार से चर्चा की गई। सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि 29 जुलाई को गुरु पूर्णिमा महापर्व, 9 अगस्त को विशाल रक्तदान शिविर तथा श्रावण मास के दौरान एक माह तक चलने वाले वृक्षारोपण अभियान को भव्य एवं सुव्यवस्थित ढंग से आयोजित किया जाएगा। बैठक में उपस्थित सदस्यों ने इन कार्यक्रमों को समाजहित में महत्वपूर्ण बताते हुए अधिक से अधिक लोगों की सहभागिता सुनिश्चित करने पर बल दिया।

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श्रद्धांजलि सभा और जिम्मेदारियों का हुआ निर्धारण

गोष्ठी में विगत दो माह के दौरान महाप्रयाण कर चुके गायत्री परिवार के वरिष्ठ परिजनों की स्मृति में 12 जुलाई को गायत्री ज्ञान मंदिर, भालूबासा में श्रद्धांजलि सभा आयोजित करने का निर्णय लिया गया। इस अवसर पर दिवंगत परिजनों के परिवारों के साथ गायत्री परिवार के सदस्य श्रद्धासुमन अर्पित करेंगे। कार्यक्रमों के सफल संचालन के लिए विभिन्न सदस्यों को जिम्मेदारियां भी सौंपी गईं। गुरु पूर्णिमा महापर्व के आयोजन का दायित्व रूबी शर्मा, नेहा भगत और रंजीता राय को दिया गया। वहीं रक्तदान शिविर के लिए संजीव कुमार सिन्हा, संगीता साल और आलोक सिंह को जिम्मेदारी सौंपी गई। श्रावण मास के वृक्षारोपण अभियान का नेतृत्व अमित वर्मा और संजय वर्मा करेंगे।

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वैवाहिक वर्षगांठ पर दी शुभकामनाएं, सेवा का लिया संकल्प

बैठक के उपरांत गायत्री परिवार के वरिष्ठ परिजन वीरेंद्र नाथ पांडे एवं सत्यवती पांडे की वैवाहिक वर्षगांठ हर्षोल्लास और आत्मीय वातावरण में मनाई गई। उपस्थित सभी सदस्यों ने उन्हें शुभकामनाएं एवं मंगलकामनाएं दीं। इस अवसर पर संगठन के सदस्यों ने आगामी सभी कार्यक्रमों को सफल बनाने के लिए पूर्ण समर्पण, अनुशासन और सेवा भावना के साथ कार्य करने का संकल्प लिया। वक्ताओं ने कहा कि सामाजिक सेवा, पर्यावरण संरक्षण और मानव कल्याण से जुड़े कार्यक्रमों के माध्यम से समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाने का प्रयास निरंतर जारी रहेगा।

Jamshedpur : विप्र फाउंडेशन झारखंड की नई कार्यकारिणी ने संभाला पदभार

रांची में आयोजित समारोह में सात जिलों की कमिटियों की घोषणा जमशेदपुर और चाईबासा इकाई को मिली नई जिम्मेदारी जेबी

  • रांची में आयोजित समारोह में सात जिलों की कमिटियों की घोषणा
  • जमशेदपुर और चाईबासा इकाई को मिली नई जिम्मेदारी

जेबी लाइव, रिपोर्टर

जमशेदपुर : विप्र फाउंडेशन झारखंड प्रदेश कार्यकारिणी का पदभार ग्रहण समारोह रविवार को रांची के हरमू रोड स्थित मारवाड़ी भवन में आयोजित किया गया। समारोह में प्रदेश कार्यकारिणी के साथ-साथ राज्य के सात जिलों की नई कमिटियों की भी विधिवत घोषणा की गई। जमशेदपुर जिला इकाई के लिए सुरेश शर्मा को अध्यक्ष और राजेश शर्मा को सचिव नियुक्त किया गया, जबकि चाईबासा जिला इकाई में अनुप जोशी को अध्यक्ष एवं पवन शर्मा को सचिव की जिम्मेदारी सौंपी गई। इसके अलावा रांची, सिमडेगा, गिरिडीह, देवघर और रामगढ़ जिलों की नई कमिटियों की भी घोषणा की गई। कार्यक्रम का शुभारंभ गणेश वंदना और दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ।

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बड़ी संख्या में जुटे समाज के प्रतिनिधि

कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में विप्र फाउंडेशन के राष्ट्रीय संगठन महामंत्री सीए डॉ. सुनील शर्मा उपस्थित रहे। समारोह की अध्यक्षता नव निर्वाचित प्रदेश अध्यक्ष सीए जयप्रकाश शर्मा ने की, जबकि मंच संचालन शशांक भारद्वाज और प्रमोद सारस्वत ने संयुक्त रूप से किया। कार्यक्रम में जमशेदपुर से सांवरलाल शर्मा, गणेश दायमा, देवराज, बैजनाथ, अनिल, गोविंद भारद्वाज, प्रदीप मिश्रा, दिलीप, सनी, मनोज, अंकित सहित कई सदस्य उपस्थित रहे। वहीं झारखंड के विभिन्न जिलों से महिला एवं पुरुष प्रतिनिधियों ने बड़ी संख्या में भाग लेकर संगठन को मजबूत बनाने और समाजहित में कार्य करने का संकल्प लिया।

Jamshedpur : स्व. गुरदयाल सिंह भाटिया की तीसरी पुण्यतिथि पर श्रद्धांजलि सभा, समाजसेवा के योगदान को किया गया याद

बिष्टुपुर गुरुद्वारा में आयोजित कार्यक्रम में जुटे समाज के गणमान्य लोग सीजीपीसी ने भाई मोहन सिंह को किया सम्मानित श्रद्धा

  • बिष्टुपुर गुरुद्वारा में आयोजित कार्यक्रम में जुटे समाज के गणमान्य लोग
  • सीजीपीसी ने भाई मोहन सिंह को किया सम्मानित
  • श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाई गई पुण्यतिथि

जेबी लाइव, रिपोर्टर

जमशेदपुर : जमशेदपुर के वरिष्ठ समाजसेवी एवं प्रमुख उद्योगपति स्वर्गीय गुरदयाल सिंह भाटिया की तीसरी पुण्यतिथि रविवार को बिष्टुपुर स्थित गुरुद्वारा साहिब में श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाई गई। इस अवसर पर उनके पुत्र दयाल बिल्डर्स के चेयरमैन सुरेंद्र पाल सिंह टीटू, पोत्र साहिब सिंह तथा परिवार के अन्य सदस्यों की ओर से विशेष धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में शहर के विभिन्न सामाजिक, धार्मिक एवं राजनीतिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने भाग लेकर स्वर्गीय गुरदयाल सिंह भाटिया को श्रद्धांजलि अर्पित की। सिख पंथ के प्रख्यात कीर्तनकार भाई गुरविंदर सिंह रुद्रपुर वाले ने गुरबाणी कीर्तन के माध्यम से संगत को निहाल किया और दिवंगत आत्मा की स्मृति में अरदास की गई। कार्यक्रम में विधायक मंगल कालिंदी, पटना साहिब के महासचिव इंद्रजीत सिंह, पूर्व विधायक कुणाल सारंगी, सीजीपीसी प्रधान भगवान सिंह, पूर्व डिप्टी मेयर बॉबी सिंह तथा अन्य गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

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सामाजिक सौहार्द और शिक्षा के क्षेत्र में रहा उल्लेखनीय योगदान

वक्ताओं ने स्वर्गीय गुरदयाल सिंह भाटिया के जीवन और उनके सामाजिक योगदान पर प्रकाश डालते हुए कहा कि वे केवल एक सफल उद्योगपति ही नहीं, बल्कि समाजसेवा के क्षेत्र में भी एक मजबूत स्तंभ थे। उन्होंने सेंट्रल गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के संरक्षक, स्टेशन रोड गुरुद्वारा एवं गौरी शंकर रोड गुरुद्वारा से जुड़े विभिन्न दायित्वों का सफलतापूर्वक निर्वहन किया। इसके अलावा वे जुगसलाई थाना शांति समिति के अध्यक्ष तथा सेंट्रल शांति समिति के सक्रिय सदस्य भी रहे। वक्ताओं ने कहा कि वर्ष 1984 के दंगों के दौरान विभिन्न समुदायों के बीच सौहार्दपूर्ण वातावरण बनाए रखने में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही। गौरी शंकर रोड गुरुद्वारा परिसर में स्थापित जीआरडी इंग्लिश स्कूल के शुरुआती विकास में भी उनका उल्लेखनीय योगदान रहा, जिसका लाभ आज सभी समुदायों के विद्यार्थी उठा रहे हैं।

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हर संकट में समाज को जोड़ने का किया प्रयास

श्रद्धांजलि सभा में उपस्थित लोगों ने कहा कि स्वर्गीय गुरदयाल सिंह का व्यक्तित्व अत्यंत प्रभावशाली और सर्वमान्य था। किसी भी सामाजिक विवाद या तनावपूर्ण स्थिति में उनकी उपस्थिति समाधान का मार्ग प्रशस्त करती थी। वक्ताओं ने बताया कि रामनवमी और मोहर्रम जैसे आयोजनों में वे हमेशा बढ़-चढ़कर सहयोग करते थे। बाबरी मस्जिद विध्वंस के बाद जब क्षेत्र में तनावपूर्ण माहौल बना था, तब उन्होंने विभिन्न समुदायों के लोगों के बीच संवाद स्थापित कर शांति और भाईचारे का वातावरण बनाए रखने में अहम भूमिका निभाई थी। समाज के कमजोर और जरूरतमंद वर्गों की सहायता के लिए भी वे सदैव तत्पर रहते थे। उनके जीवन से समाजसेवा, समर्पण और मानवीय मूल्यों की प्रेरणा मिलती है।

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सीजीपीसी ने भाई मोहन सिंह को किया सम्मानित

कार्यक्रम के दौरान सेंट्रल गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (सीजीपीसी) की ओर से स्वर्गीय गुरदयाल सिंह भाटिया के परिवार द्वारा समाजहित में किए जा रहे कार्यों की सराहना की गई। इस अवसर पर उनके भाई सरदार मोहन सिंह, पुत्र सुरेंद्र पाल सिंह टीटू तथा पोत्र साहिब सिंह को दीन-दुखियों की सेवा और सामाजिक योगदान के लिए शॉल ओढ़ाकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में सीजीपीसी चेयरमैन सरदार शैलेंद्र सिंह, वाइस चेयरमैन गुरमीत सिंह एवं हरदीप सिंह दीप, वरीय उपाध्यक्ष नरेंद्र पाल सिंह, महासचिव अमरजीत सिंह, धर्म प्रचार कमेटी के चेयरमैन रामकृष्ण सिंह, स्टेशन रोड गुरुद्वारा प्रधान महेंद्र पाल सिंह, केंद्रीय सिख स्त्री सभा की चेयरमैन कमलजीत कौर सहित बड़ी संख्या में समाजसेवी, धार्मिक प्रतिनिधि और संगत उपस्थित रही। कार्यक्रम का समापन अरदास और गुरु का लंगर वितरण के साथ हुआ।

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