- पारंपरिक नृत्य-गीत और प्रकृति पूजन से गूंजा परिसर
- विद्यार्थियों की प्रस्तुतियों ने मोहा सभी का मन
जेबी लाइव, रिपोर्टर
पोटका : पोटका में स्थित रंभा शैक्षणिक संस्थान समूह के परिसर में झारखंड की समृद्ध परंपरा, संस्कृति और सृष्टि पूजन का प्रतीक “मागे पोरोब” उत्साहपूर्वक मनाया गया। विद्यार्थियों ने पारंपरिक वेशभूषा में नृत्य और गीत प्रस्तुत कर वातावरण को सांस्कृतिक रंग में रंग दिया। इस अवसर पर व्याख्याताओं और विद्यार्थियों ने मिलकर प्रकृति की पूजा-अर्चना की तथा पत्तों और पुष्पों से पूरे परिसर को सजाया। कॉलेज के अध्यक्ष राम बचन ने विद्यार्थियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि मागे पर्व मानव के उद्भव और प्रकृति के साथ उसके गहरे संबंध का प्रतीक है।
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संस्कृति संरक्षण का संदेश देता है मागे पर्व
सचिव गौरव बचन ने कहा कि शिक्षा का उद्देश्य केवल ज्ञान देना नहीं, बल्कि अपनी सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित रखना भी है। रंभा कॉलेज की प्राचार्या डॉ. कल्याणी कबीर ने पर्व को सामाजिक सद्भाव और सामूहिक एकता का प्रतीक बताया। कार्यक्रम के सफल आयोजन में असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. रश्मि लुगून, मंजू गागराई और प्रकाश सिंह सरदार की अहम भूमिका रही। इस अवसर पर रंभा डिग्री कॉलेज, रंभा बीएड कॉलेज, रंभा कॉलेज ऑफ नर्सिंग और फार्मेसी कॉलेज के सभी शिक्षक एवं विद्यार्थी उपस्थित रहे। विद्यार्थियों ने बढ़-चढ़कर भागीदारी निभाते हुए झारखंडी संस्कृति की जीवंत झलक प्रस्तुत की।























