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Jamshedpur : टाटा स्टील समर कैंप 2026 की घोषणा, जेआरडी टाटा स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में 11 से 31 मई तक आयोजन

  • युवा प्रतिभाओं को निखारने और खेल संस्कृति को बढ़ावा देने की पहल

जेबी लाइव, रिपोर्टर

जमशेदपुर : Tata Steel के स्पोर्ट्स डिवीजन ने बहुप्रतीक्षित समर कैंप 2026 के आयोजन की घोषणा की है। यह कैंप 11 मई से 31 मई तक JRD Tata Sports Complex में आयोजित किया जाएगा। कंपनी का उद्देश्य खेलों के माध्यम से युवाओं को एक ऐसा मंच प्रदान करना है, जहां वे सीख सकें, अपने कौशल को निखार सकें और उत्कृष्टता की ओर अग्रसर हो सकें। टाटा स्टील ने हमेशा खेलों को अपनी कार्यसंस्कृति का महत्वपूर्ण हिस्सा माना है और इस तरह के आयोजन उसी सोच को आगे बढ़ाते हैं। यह समर कैंप न केवल खेल प्रशिक्षण देगा, बल्कि अनुशासन, टीम वर्क और आत्मविश्वास जैसे मूल्यों को भी मजबूत करेगा।

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पिछले साल की सफलता के बाद इस बार और बड़ा आयोजन

पिछले वर्ष आयोजित समर कैंप को जबरदस्त सफलता मिली थी, जिसमें जमशेदपुर में 2,995 प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया था। इस वर्ष आयोजकों को 3,500 से अधिक प्रतिभागियों के शामिल होने की उम्मीद है। इस बार समावेशिता पर विशेष ध्यान दिया गया है, जिसमें 40 विशेष आवश्यकता वाले बच्चों और ‘मस्ती की पाठशाला’ से लगभग 60 बच्चों को भी शामिल किया जाएगा। यह पहल इस कैंप को और अधिक व्यापक और प्रेरणादायक बनाती है। टाटा स्टील का मानना है कि हर बच्चे को अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर मिलना चाहिए और यही इस आयोजन की खासियत है।

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19 खेलों में प्रशिक्षण, नई गतिविधियों का भी समावेश

समर कैंप में इस बार 19 विभिन्न खेलों और गतिविधियों में प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिसमें एथलेटिक्स, बैडमिंटन, फुटबॉल, वॉलीबॉल, तैराकी, योग, जुम्बा, कराटे, बॉक्सिंग, शतरंज, बास्केटबॉल, रोलर स्केटिंग और घुड़सवारी जैसी विधाएं शामिल हैं। इसके अलावा, तेजी से लोकप्रिय हो रहे खेल पिकलबॉल को भी इस बार शामिल किया गया है। छोटे बच्चों के लिए रोल बॉल स्केटिंग कार्यक्रम जारी रहेगा, जबकि वयस्कों के लिए आत्मरक्षा प्रशिक्षण और फिटनेस व वेट लॉस कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे। इस प्रकार यह कैंप हर आयु वर्ग के लोगों के लिए आकर्षण का केंद्र बनेगा।

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सुरक्षित और समावेशी वातावरण के लिए विशेष प्रबंध

कैंप में प्रतिभागियों की सुरक्षा और सम्मान को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई है। सभी कोच और प्रशिक्षकों को POSH (Prevention of Sexual Harassment) और नैतिक दिशानिर्देशों के तहत प्रशिक्षित किया गया है। इसके अलावा, एक इन-हाउस न्यूट्रिशनिस्ट द्वारा खेल पोषण और हाइड्रेशन पर विशेषज्ञ सत्र आयोजित किए जाएंगे। इससे खिलाड़ियों की फिटनेस और प्रदर्शन क्षमता को बेहतर बनाने में मदद मिलेगी। इस वर्ष कैंप को परिवार-केंद्रित बनाने के लिए अभिभावकों के लिए भी कई मनोरंजक गतिविधियों का आयोजन किया जाएगा।

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युवा विकास के लिए विशेष कार्यशालाएं और विशेषज्ञ मार्गदर्शन

कैंप में Leading You(n)th (TLY) द्वारा विभिन्न आयु वर्ग के लिए विशेष कार्यशालाएं आयोजित की जाएंगी। 6 से 12 वर्ष के बच्चों के लिए खेल-आधारित गतिविधियां, रचनात्मकता और टीम वर्क पर जोर दिया जाएगा, जबकि 13 से 19 वर्ष के किशोरों के लिए नेतृत्व क्षमता, संचार कौशल और दबाव में बेहतर प्रदर्शन जैसे विषयों पर सत्र होंगे। इस अवसर पर टाटा स्टील के वाइस प्रेसिडेंट डी. बी. सुंदरा रामम ने कहा कि खेल व्यक्तित्व निर्माण में अहम भूमिका निभाते हैं और इस तरह के आयोजन युवाओं को उनकी पूर्ण क्षमता तक पहुंचाने में सहायक होते हैं। उन्होंने जमशेदपुर के नागरिकों के सहयोग के लिए आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह उत्साह ही हर वर्ष नए मानक स्थापित करने के लिए प्रेरित करता है।

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Jamshedpur : गोपाल मैदान में गंगा नारायण सिंह की 236वीं जयंती पर उमड़ा जनसैलाब, 55 हजार लोगों की ऐतिहासिक भागीदारी

पारंपरिक वेशभूषा, सांस्कृतिक रंग और एकता के संदेश से गूंजा जमशेदपुर जेबी लाइव, रिपोर्टर जमशेदपुर : जमशेदपुर के गोपाल मैदान

  • पारंपरिक वेशभूषा, सांस्कृतिक रंग और एकता के संदेश से गूंजा जमशेदपुर

जेबी लाइव, रिपोर्टर

जमशेदपुर : जमशेदपुर के गोपाल मैदान में वीर शहीद गंगा नारायण सिंह की 236वीं जयंती के अवसर पर आयोजित भव्य समारोह में जनसैलाब उमड़ पड़ा। इस ऐतिहासिक कार्यक्रम में करीब 55 हजार लोगों की उपस्थिति दर्ज की गई। झारखंड के अलावा पश्चिम बंगाल, ओड़िशा और असम से भी बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए, जिससे पूरा मैदान पारंपरिक वेशभूषा और सांस्कृतिक रंगों से सराबोर नजर आया। कार्यक्रम के दौरान भूमिज समाज की समृद्ध परंपरा और सांस्कृतिक विरासत की झलक देखने को मिली। कलाकारों और बालिकाओं ने मांदर की थाप पर पारंपरिक नृत्य प्रस्तुत कर माहौल को और भी उत्साहपूर्ण बना दिया। सांस्कृतिक दलों की प्रस्तुतियों ने उपस्थित जनसमूह को मंत्रमुग्ध कर दिया और पूरे आयोजन में एकता का संदेश गूंजता रहा।

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विधायकों ने समाज को दिया एकजुटता और शिक्षा का संदेश

कार्यक्रम में उपस्थित वक्ताओं और अतिथियों ने वीर शहीद गंगा नारायण सिंह के संघर्ष और बलिदान को याद करते हुए समाज को एकजुट रहने का संदेश दिया। पोटका विधायक संजीव सरदार ने कहा कि गंगा नारायण सिंह का संघर्ष समाज के स्वाभिमान की पहचान है और आज समाज अपने महानायक को सम्मान दे रहा है। उन्होंने युवाओं से शिक्षा पर ध्यान देने और समाज को संगठित रखने की अपील की। जुगसलाई विधायक मंगल कालिंदी ने कहा कि उनका जीवन संघर्ष और स्वाभिमान की मिसाल है, जिससे युवाओं को प्रेरणा लेनी चाहिए। बहरागोड़ा विधायक समीर मोहंती ने ऐसे आयोजनों को समाज को अपनी जड़ों से जोड़ने वाला बताया, जबकि घाटशिला विधायक सोमेश सोरेन ने कहा कि समाज की एकता ही उसकी सबसे बड़ी ताकत है।

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बुद्धिजीवियों और गणमान्य लोगों का सम्मान, पारंपरिक स्वागत से सजी महफिल

इस अवसर पर कई बुद्धिजीवियों एवं विशिष्ट व्यक्तियों को सम्मानित किया गया। आयोजन समिति की ओर से सभी अतिथियों का पारंपरिक तरीके से स्वागत किया गया, जिससे पूरा माहौल उत्सव जैसा बन गया। कार्यक्रम में पूर्व विधायक मेनका सरदार, सीदेश्वर सरदार, हरीश भूमिज, विभीषण सिंह भूमिज, सुदर्शन भूमिज, टाटा स्टील फाउंडेशन के संजय सरदार, शिव शंकर सिंह कांडेयोंग, डेमका सोय, गिरीश मुंडा सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। इसके अलावा पश्चिम बंगाल, असम और अन्य राज्यों से आए प्रतिनिधियों ने भी भाग लिया। आयोजन में समाज के विभिन्न संगठनों और कार्यकर्ताओं की सक्रिय भागीदारी रही, जिससे कार्यक्रम सफल और ऐतिहासिक बन गया।

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समाज की एकता और संस्कृति संरक्षण का दिया गया संदेश

कार्यक्रम के अंत में सभी वक्ताओं ने समाज की एकता, संस्कृति और परंपरा को संरक्षित रखने का आह्वान किया। वक्ताओं ने कहा कि गंगा नारायण सिंह का इतिहास आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा स्रोत है और समाज को संगठित होकर आगे बढ़ने की आवश्यकता है। पूरे आयोजन में उत्साह, श्रद्धा और गौरव का माहौल देखने को मिला, जिसने इसे एक ऐतिहासिक और यादगार समारोह बना दिया।

Jamshedpur : नन्हे कदमों से हरित भविष्य की ओर, बाल्डविन फार्म एरिया हाई स्कूल में पृथ्वी दिवस मनाया गया

विद्यार्थियों की रचनात्मक प्रस्तुतियों से गूंजा पर्यावरण संरक्षण का संदेश जेबी लाइव, रिपोर्टर जमशेदपुर : जमशेदपुर के बाल्डविन फार्म एरिया

  • विद्यार्थियों की रचनात्मक प्रस्तुतियों से गूंजा पर्यावरण संरक्षण का संदेश

जेबी लाइव, रिपोर्टर

जमशेदपुर : जमशेदपुर के बाल्डविन फार्म एरिया हाई स्कूल में पृथ्वी दिवस बड़े उत्साह और विद्यार्थियों की सक्रिय भागीदारी के साथ मनाया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता फैलाना और विद्यार्थियों को अपने दैनिक जीवन में पर्यावरण अनुकूल आदतें अपनाने के लिए प्रेरित करना था। कार्यक्रम की शुरुआत कक्षा 3 से 7 के विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत मधुर पृथ्वी दिवस गीत से हुई, जिसने सभी को भावविभोर कर दिया। गीत के माध्यम से पृथ्वी के प्रति प्रेम, देखभाल और जिम्मेदारी का संदेश दिया गया। इसके बाद प्री-प्राइमरी के नन्हे बच्चों ने पौधारोपण, प्लास्टिक का कम उपयोग और प्रदूषण नियंत्रण जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर अपनी आकर्षक गतिविधियों के जरिए सभी का मन मोह लिया।

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चित्रकला और नाटक के जरिए दिया पर्यावरण संरक्षण का संदेश

कार्यक्रम में प्राइमरी वर्ग के विद्यार्थियों ने रंग-बिरंगे चित्रों और पोस्टरों के माध्यम से अपनी रचनात्मकता का परिचय दिया। इन प्रस्तुतियों में पृथ्वी को बचाने, प्लास्टिक से होने वाले नुकसान और प्रदूषण को कम करने जैसे विषयों को प्रभावी ढंग से दर्शाया गया। कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण कक्षा 1 से 5 के विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत नाटक रहा, जिसमें मानव गतिविधियों से प्रकृति को हो रहे नुकसान को दर्शाया गया। विद्यार्थियों के अभिनय और संवादों ने दर्शकों को सोचने पर मजबूर कर दिया। यह नाटक मनोरंजन के साथ-साथ शिक्षा का भी माध्यम बना और पर्यावरण संरक्षण के महत्व को उजागर किया।

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प्रधानाचार्या ने दिया जागरूक नागरिक बनने का संदेश

कार्यक्रम के अंत में विद्यालय की प्रधानाचार्या डॉ. सुभोश्री सरकार ने विद्यार्थियों की सराहना करते हुए कहा कि उनकी उत्साहपूर्ण भागीदारी पर्यावरण के प्रति उनकी जिम्मेदारी को दर्शाती है। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के आयोजन बच्चों में सतत विकास और पर्यावरणीय जागरूकता के मूल्यों को विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि विद्यालय ऐसे जागरूक नागरिकों के निर्माण के लिए प्रतिबद्ध है, जो भविष्य में पर्यावरण संरक्षण में अग्रणी भूमिका निभाएंगे। कार्यक्रम का समापन एक प्रेरणादायक संदेश के साथ हुआ, जिसमें सभी को पृथ्वी की रक्षा के लिए अपने कर्तव्यों का पालन करने का आह्वान किया गया।

Baharagoda : बहरागोड़ा में अवैध बालू पर बड़ी कार्रवाई, दो ट्रैक्टर जब्त

स्वर्णरेखा घाट पर छापेमारी से मचा हड़कंप, एक वाहन चालक फरार जेबी लाइव, रिपोर्टर बहरागोड़ा : बहरागोड़ा प्रखंड के मधुआबेड़ा

  • स्वर्णरेखा घाट पर छापेमारी से मचा हड़कंप, एक वाहन चालक फरार

जेबी लाइव, रिपोर्टर

बहरागोड़ा : बहरागोड़ा प्रखंड के मधुआबेड़ा स्थित स्वर्णरेखा नदी घाट पर शनिवार को अंचल प्रशासन ने अवैध बालू उत्खनन के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए दो ट्रैक्टरों को जब्त कर लिया। गुप्त सूचना के आधार पर की गई इस छापेमारी के दौरान घाट पर अफरा-तफरी मच गई। इसी दौरान एक ट्रैक्टर चालक मौके का फायदा उठाकर वाहन सहित फरार हो गया, जबकि अन्य दो ट्रैक्टरों को प्रशासन ने कब्जे में लेकर कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है। इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में सक्रिय बालू माफियाओं में हड़कंप मच गया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि लंबे समय से इस घाट पर अवैध खनन और परिवहन का खेल चल रहा था, जिससे प्राकृतिक संसाधनों को भारी नुकसान हो रहा था।

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धर्म के नाम पर अवैध वसूली का खुलासा, प्रशासन सख्त

ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया है कि कुछ स्थानीय युवक बालू माफियाओं के साथ मिलकर एक संगठित सिंडिकेट चला रहे हैं। यह गिरोह विभिन्न चौक-चौराहों पर देवी-देवताओं और चंदे के नाम पर बालू लदे वाहनों से अवैध वसूली करता है। इस मामले के सामने आने के बाद प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाते हुए स्पष्ट चेतावनी दी है कि अवैध खनन और वसूली के इस नेटवर्क को पूरी तरह खत्म किया जाएगा। अधिकारियों ने कहा कि भविष्य में इस तरह की गतिविधियों में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन की इस कार्रवाई से क्षेत्र में कानून व्यवस्था को मजबूत करने और स्वर्णरेखा नदी की सुरक्षा सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

Potka : खड़ियासाईं में वीर गंगा नारायण सिंह की 236वीं जयंती श्रद्धा के साथ मनाई गई

भूमिज विद्रोह के महानायक को दी श्रद्धांजलि, युवाओं को मिला प्रेरणा संदेश जेबी लाइव, रिपोर्टर पोटका : पोटका प्रखंड के

  • भूमिज विद्रोह के महानायक को दी श्रद्धांजलि, युवाओं को मिला प्रेरणा संदेश

जेबी लाइव, रिपोर्टर

पोटका : पोटका प्रखंड के खड़ियासाईं में भूमिज विद्रोह के महानायक वीर गंगा नारायण सिंह की 236वीं जयंती श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाई गई। इस अवसर पर स्थानीय ग्रामीणों और गणमान्य लोगों ने विधिवत पूजा-अर्चना कर उनकी आदमकद प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। कार्यक्रम के दौरान पूरे क्षेत्र में श्रद्धा का माहौल देखने को मिला। वक्ताओं ने उनके शौर्य, बलिदान और झारखंड के आदिवासी-मूलवासी समाज के हक-अधिकार के लिए किए गए संघर्ष को विस्तार से याद किया। उन्होंने कहा कि गंगा नारायण सिंह का जीवन संघर्ष और साहस का प्रतीक है, जो आज भी समाज को दिशा देने का काम करता है।

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अधिकारों की रक्षा के लिए एकजुट होने का आह्वान

कार्यक्रम में उपस्थित नेताओं और समाज के प्रतिनिधियों ने कहा कि वर्तमान समय में भी आदिवासी और मूलवासी समाज को अपने अधिकारों की रक्षा के लिए एकजुट रहने की आवश्यकता है। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे वीर गंगा नारायण सिंह के आदर्शों को अपनाएं और समाज के विकास में सक्रिय भूमिका निभाएं। इस अवसर पर कांग्रेस जिला सचिव जयराम हांसदा, प्रखंड अध्यक्ष सौरभ चटर्जी, सुबोध सिंह सरदार, संजय पात्र, आदिवासी मूलवासी विकास परिषद के केंद्रीय अध्यक्ष निरूप हांसदा, महासचिव उज्ज्वल मंडल और सनातन सरदार सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। सभी ने एक स्वर में उनके पदचिन्हों पर चलने का संकल्प लिया।

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रात में सड़क पर उतर रहा हाथियों का झुंड, ग्रामीणों में दहशत जेबी लाइव, रिपोर्टर बहरागोड़ा : बहरागोड़ा प्रखंड के

  • रात में सड़क पर उतर रहा हाथियों का झुंड, ग्रामीणों में दहशत

जेबी लाइव, रिपोर्टर

बहरागोड़ा : बहरागोड़ा प्रखंड के भूतिया काजू जंगल में हाथियों के एक बड़े झुंड की मौजूदगी से इलाके में भय का माहौल बन गया है। करीब 12 से अधिक हाथियों का यह दल घाघरा क्षेत्र के पास डेरा जमाए हुए है और रात होते ही भोजन व पानी की तलाश में मटिहाना-चाकुलिया मुख्य सड़क पर आ जाता है। इससे रात के समय इस मार्ग से गुजरना बेहद जोखिमभरा हो गया है। राहगीरों के साथ-साथ स्थानीय ग्रामीण भी लगातार डर के साए में जी रहे हैं। हाथियों की गतिविधियों के कारण खेतों और घरों को नुकसान पहुंचने की आशंका बनी हुई है, जिससे किसानों की चिंता और बढ़ गई है।

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वन विभाग अलर्ट, ग्रामीणों को सतर्क रहने की अपील

स्थिति की गंभीरता को देखते हुए वन विभाग की टीम लगातार निगरानी कर रही है और हाथियों को रिहायशी क्षेत्रों से दूर खदेड़ने का प्रयास किया जा रहा है। विभाग ने लोगों को चेतावनी दी है कि वे रात के समय जंगल या सुनसान रास्तों की ओर न जाएं और वन्यजीवों को किसी भी प्रकार से उकसाने से बचें। इसके बावजूद ग्रामीणों का कहना है कि केवल निगरानी से समस्या का स्थायी समाधान संभव नहीं है। उन्होंने सरकार से इस मानव-हाथी संघर्ष को रोकने के लिए ठोस और दीर्घकालिक योजना बनाने की मांग की है, ताकि जान-माल की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।

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जल, जंगल और जमीन की रक्षा का लिया संकल्प, गूंजे अमर रहे के नारे जेबी लाइव, रिपोर्टर जादूगोड़ा : जादूगोड़ा-कालिकापुर

  • जल, जंगल और जमीन की रक्षा का लिया संकल्प, गूंजे अमर रहे के नारे

जेबी लाइव, रिपोर्टर

जादूगोड़ा : जादूगोड़ा-कालिकापुर मुख्य सड़क किनारे धामधूम चौक पर वीर शहीद गंगा नारायण सिंह की 136वीं जयंती धूमधाम से मनाई गई। इस अवसर पर पर्यावरण चेतना केन्द्र के निदेशक सिदेश्वर सरदार और नूतनडीह गांव के उपमुखिया रामेश्वर सरदार ने उनके चित्र पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की। कार्यक्रम के दौरान “गंगा नारायण सिंह अमर रहें” के नारों से पूरा क्षेत्र गूंज उठा। आसपास के गांवों से पहुंचे लोगों ने जल, जंगल और जमीन की रक्षा का संकल्प लिया, ताकि उनके आदर्शों को आगे बढ़ाया जा सके। आयोजन में नूतनडीह, बागों, रोलडीह और सोहदा गांव के ग्रामीणों ने भी बढ़-चढ़कर भाग लिया और भूमिज विद्रोह के महानायक को याद किया।

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ब्रिटिश हुकूमत के खिलाफ संघर्ष को किया याद, आदर्शों पर चलने का आह्वान

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि सह सामाजिक कार्यकर्ता सिदेश्वर सरदार ने कहा कि गंगा नारायण सिंह ने ब्रिटिश हुकूमत के खिलाफ सरदार वाहिनी और भूमिज वाहिनी का गठन कर जमीन बचाने के लिए ऐतिहासिक संघर्ष किया। उन्होंने कहा कि उनके नेतृत्व में लोगों ने अंग्रेजी शासन का डटकर मुकाबला किया और अपने अधिकारों की रक्षा की। उन्होंने वर्तमान समय में भी जल, जंगल और जमीन की रक्षा के महत्व पर जोर देते हुए कहा कि यदि झारखंड में फिर से ऐसी परिस्थितियां उत्पन्न होती हैं, तो समाज को एकजुट होकर इसका विरोध करना होगा। उनके विचारों ने उपस्थित लोगों में जोश और जागरूकता का संचार किया।

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विभिन्न गांवों में भी श्रद्धांजलि कार्यक्रम, लोगों ने लिया संकल्प

इसी कड़ी में खड़ियासाईं, जानमडीह, ढेगाम और हाता स्थित रोला घुटू में भी गंगा नारायण सिंह की जयंती श्रद्धापूर्वक मनाई गई। ग्राम संसद भवन और आदिम भूमिज मुंडा कल्याण समिति के तत्वावधान में आयोजित कार्यक्रमों में सिदेश्वर सरदार, दिनेश सरदार, रघुनाथ सरदार, भुगुनु सरदार, काली पद सरदार, सुशांत सरदार, हीरो सिंह सरदार, अभिषेक सरदार, कोकिल सरदार, मनोज सरदार और कार्तिक सरदार सहित कई लोगों ने उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। सभी ने उनके पदचिन्हों पर चलने और समाज की एकता को मजबूत करने का संकल्प लिया।

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