- धान की रखवाली के दौरान हाथी के हमले से गई जान, गांव में दहशत और मातम
जेबी लाइव, रिपोर्टर
चांडिल : चांडिल अनुमंडल के कुकरू प्रखंड अंतर्गत लेटेमदा पंचायत के नुतुनडीह गांव में बीती रात जंगली हाथी के हमले से एक किसान की दर्दनाक मौत हो गई। मृतक की पहचान 50 वर्षीय बुका महतो उर्फ गौरांग महतो के रूप में हुई है। घटना के बाद पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई है और भय का माहौल व्याप्त है। जानकारी के अनुसार, बुका महतो रात करीब तीन बजे अपने खेत में धान की फसल की रखवाली कर रहे थे। इसी दौरान जंगल की ओर से अचानक आए जंगली हाथी ने उन पर हमला कर दिया। हमला इतना भीषण था कि किसान की मौके पर ही मौत हो गई। घटना के समय वे खेत में अकेले थे, जिससे किसी तरह की मदद नहीं मिल सकी।
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हाथी हमले से ग्रामीण इलाकों में बढ़ती चिंता
घटना की जानकारी मिलते ही गांव में अफरा-तफरी मच गई। बड़ी संख्या में ग्रामीण खेत की ओर पहुंचे, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। ग्रामीणों ने तत्काल इस घटना की सूचना जिला परिषद उपाध्यक्ष मधुश्री महतो को दी। मौके की जानकारी मिलने पर उन्होंने गहरा शोक व्यक्त किया और वन विभाग व स्थानीय प्रशासन को तुरंत सूचना देने का निर्देश दिया। मधुश्री महतो ने कहा कि पीड़ित परिवार को सरकारी प्रावधानों के तहत शीघ्र मुआवजा दिलाया जाएगा तथा कानूनी प्रक्रिया में किसी तरह की देरी नहीं होनी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि क्षेत्र में हाथियों की लगातार आवाजाही गंभीर चिंता का विषय है और इसे रोकने के लिए ठोस कदम उठाने की आवश्यकता है।
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हाथी प्रभावित इलाकों में मुआवजा और सुरक्षा की मांग
इधर घटना के बाद ग्रामीणों में भारी आक्रोश देखा जा रहा है। लोगों ने पीड़ित परिवार को तत्काल आर्थिक सहायता देने की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि समय रहते सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम किए गए होते तो शायद इस तरह की घटना टाली जा सकती थी। घटना की सूचना पर वन विभाग की टीम गांव पहुंची और आसपास के इलाकों में गश्त बढ़ा दी गई है। विभाग ने ग्रामीणों से अपील की है कि वे रात के समय खेतों में अकेले न जाएं और हाथी की मौजूदगी या किसी भी खतरे की सूचना तुरंत दें। फिलहाल नुतुनडीह गांव में शोक और दहशत का माहौल है तथा किसान रात में खेतों की रखवाली करने से भयभीत हैं।
























