ढोल-नगाड़ों की थाप पर हुआ सामूहिक नृत्य, परंपराओं का दिखा उल्लास
जेबी लाइव, रिपोर्टर
गुवा : गुवा क्षेत्र के सारंडा स्थित गंगदा पंचायत अंतर्गत घाटकुरी गांव में मागे पर्व बड़े ही धूमधाम और पारंपरिक उल्लास के साथ मनाया गया। इस अवसर पर हो आदिवासी समाज के पुरुष, महिलाएं और बच्चे एक समान पारंपरिक वेशभूषा में सजे नजर आए। गांव में पूरे दिन से ही उत्सव का माहौल बना रहा, जो रात होते-होते और भी रंगीन हो गया। ढोल-नगाड़ों की थाप पर ग्रामीणों ने सामूहिक रूप से नृत्य किया और पारंपरिक गीतों के साथ अपनी सांस्कृतिक विरासत को जीवंत किया।
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पूजा-अर्चना के साथ सुख-समृद्धि की कामना
मागे पर्व के अवसर पर गांव के दिउरी शिबू चाम्पिया ने विधिवत पूजा-अर्चना करते हुए लाल मुर्गा और काली मुर्गियों की बलि देकर गांव की सुख-समृद्धि, शांति और खुशहाली की कामना की। पूजा के बाद ग्रामीणों ने पारंपरिक रीति-रिवाजों का पालन करते हुए उत्सव को आगे बढ़ाया। देर रात तक लोग गीत-संगीत और नृत्य में डूबे रहे। इस दौरान सारंडा पीढ़ मानकी सुरेश चाम्पिया, कांडे चाम्पिया, उगेरम चाम्पिया, रमेश चाम्पिया, रोटू चाम्पिया और गोमाई चाम्पिया सहित कई ग्रामीण उपस्थित रहे, जिन्होंने मिलकर इस पर्व को यादगार बना दिया।























