- पूर्वी सिंहभूम जिला कांग्रेस ने राष्ट्रपति के नाम सौंपा ज्ञापन, आंदोलन तेज करने की चेतावनी
- मनरेगा को लेकर बढ़ता राजनीतिक विवाद
जेबी लाइव, रिपोर्टर
जमशेदपुर : पूर्वी सिंहभूम जिला कांग्रेस कमिटी की ओर से सोमवार को केंद्र सरकार द्वारा मनरेगा योजना का नाम बदलने के प्रस्ताव के विरोध में जोरदार प्रदर्शन किया गया। डीसी कार्यालय के समक्ष आयोजित इस प्रदर्शन का नेतृत्व जिला कांग्रेस अध्यक्ष परविंदर सिंह ने किया। प्रदर्शन के दौरान डीसी कार्यालय का मुख्य गेट बंद कर दिया गया, जिससे आक्रोशित कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने जमकर नारेबाजी की। इसके बाद राष्ट्रपति के नाम उपायुक्त को ज्ञापन सौंपा गया। परविंदर सिंह ने कहा कि मनरेगा अधिनियम गरीबों को रोजगार की गारंटी देने वाला कानून है, जो महात्मा गांधी के नाम से जुड़ा हुआ है और देशभर में इसी नाम से जाना जाता है।
इसे भी पढ़ें : Baharagoda : बहरागोड़ा में धान अधिप्राप्ति केंद्र का उद्घाटन, किसानों को मिलेगा सीधा लाभ
केंद्र सरकार की नीतियों के खिलाफ कांग्रेस का आक्रोश
परविंदर सिंह ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार मनरेगा योजना का नाम बदलकर महात्मा गांधी की विचारधारा और गरीबों के अधिकारों को कमजोर करना चाहती है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि कांग्रेस इस फैसले को किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं करेगी। यदि केंद्र सरकार ने मनरेगा के साथ छेड़छाड़ बंद नहीं की, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। इस दौरान रामाश्रय प्रसाद, राकेश तिवारी, कमलेश कुमार पांडेय, राज कुमार वर्मा, सत्यम सिंह, रिया, एम सिंह, रंजीत सिंह और रमेश सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता उपस्थित रहे और केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
























