पायलट आरओ प्लांट और स्थानीय विकास मॉडल का किया निरीक्षण, तैयार होगी विस्तृत रिपोर्ट
ग्रामीण नवाचारों और आजीविका गतिविधियों पर तैयार होगी रिपोर्ट
जेबी लाइव, रिपोर्टर
रांची : झारखंड सरकार की झारखंड ग्रासरूट इनोवेशन इंटर्नशिप स्कीम के तहत जमशेदपुर विमेंस यूनिवर्सिटी की छात्राओं के एक दल ने बागबेड़ा कॉलोनी पंचायत क्षेत्र में संचालित विभिन्न नवाचारों और विकास कार्यों का अध्ययन किया। छात्राओं ने कुंवर सिंह मैदान रोड नंबर-3 स्थित कम्युनिटी सेंटर के समीप पंचायत समिति सदस्य सुनील गुप्ता की अनुशंसा एवं फंड से लगभग 7.30 लाख रुपये की लागत से स्थापित झारखंड के पहले पायलट आरओ प्लांट का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्हें बताया गया कि प्लांट के माध्यम से स्थानीय लोगों को आई-कार्ड आधारित व्यवस्था के तहत मात्र पांच रुपये शुल्क पर 20 लीटर शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराया जाता है। इस राशि से बिजली बिल, ऑपरेटर की मजदूरी और प्लांट के रखरखाव का खर्च वहन किया जाता है। छात्राओं ने इस मॉडल को जनहित और आत्मनिर्भर संचालन का उत्कृष्ट उदाहरण बताया।
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बागवानी और कुम्हार समुदाय के कार्यों से भी हुईं छात्राएं प्रभावित
अध्ययन भ्रमण के दौरान छात्राओं ने गांधीनगर बस्ती में संचालित बागवानी गतिविधियों तथा जगदीशपुर रोड के समीप कुम्हार समुदाय द्वारा तैयार किए जा रहे मिट्टी के उत्पादों का भी अवलोकन किया। छात्रा राजश्री दास ने बताया कि उनकी चार सदस्यीय टीम ग्रामीण क्षेत्रों में सोलर ऊर्जा, डिजिटल जल प्रबंधन, स्थानीय नवाचार और आजीविका से जुड़े मॉडलों की जानकारी एकत्र कर रही है। इस अध्ययन के आधार पर विस्तृत रिपोर्ट तैयार कर झारखंड सरकार के पोर्टल पर जमा की जाएगी। पंचायत समिति सदस्य सुनील गुप्ता एवं वार्ड सदस्य उमेश पाण्डे ने छात्राओं को पंचायत क्षेत्र में संचालित विकास योजनाओं और जनहित कार्यों की जानकारी दी। निरीक्षण कार्यक्रम में राजश्री दास, सुचित्रा मलिक, अंजली कुमारी, प्रीति पाल, समाजसेवी मिथिलेश सिंह, शुभम तथा अन्य स्थानीय लोग उपस्थित रहे। छात्राओं ने कहा कि इस प्रकार के नवाचार ग्रामीण विकास और आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।























